भोपाल, 29 सितंबर।
मध्य प्रदेश के सहकारिता मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने मध्य प्रदेश बीज संघ की आम सभा की बैठक में संस्था की मौजूदा गतिविधियों और आगामी कार्ययोजना की समीक्षा की। उन्होंने बीज संघ को अमूल, इफको और कृभको की तर्ज पर मजबूत सहकारी संस्था के रूप में विकसित करने और अगले 2 से 5 वर्षों में देश के प्रमुख बीज संस्थानों में शामिल करने के लक्ष्य के साथ काम तेज करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण प्रमाणित बीज, वैज्ञानिक अनुसंधान, आधुनिक तकनीक और बेहतर विपणन व्यवस्था के जरिए किसानों को उन्नत खेती से जोड़ने की पूरी प्रक्रिया को सहकारिता के माध्यम से मजबूत किया जाएगा। बीज उत्पादन में तकनीकी नवाचार के साथ अनुसंधान और उत्पादन क्षमता बढ़ाने पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। मंत्री ने बताया कि बीज संघ हॉर्टीकल्चर और धान के अलावा तिल, अलसी, कपास, मूंगफली और मक्का जैसी फसलों के बीज उत्पादन पर भी काम कर रहा है।
सारंग ने छोटे आकार के बीजों के लिए उन्नत कोटिंग और लोडिंग तकनीक के इस्तेमाल की संभावनाओं पर भी काम आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस विषय पर वैज्ञानिकों के साथ बैठक और चर्चा हो चुकी है। किसानों तक गुणवत्तापूर्ण बीज की पहुंच बढ़ाने के लिए बिक्री एवं वितरण व्यवस्था को प्राथमिक कृषि ऋण समितियों (पैक्स) और किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ) के माध्यम से मजबूत करने पर जोर दिया गया। उन्होंने प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में उगाई जाने वाली स्थानीय और पारंपरिक फसलों को भी बीज उत्पादन तथा विपणन की कार्ययोजना में प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। बैठक में अपेक्स बैंक के प्रबंध संचालक मनोज गुप्ता, बीज संघ के प्रबंध संचालक महेंद्र दीक्षित सहित विभिन्न सहकारी समितियों के प्रतिनिधि और संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।














