मुंबई, 03 अक्टूबर।
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने मुंबई में दो अक्टूबर को शिवाजी पार्क में हुए ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के विरोध प्रदर्शन के दौरान नाबालिग बच्चों के कथित इस्तेमाल के मामले में सख्त रुख अपनाया है। आयोग ने महाराष्ट्र सरकार और संबंधित विभागों को नोटिस जारी कर एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी है।
आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने बताया कि आयोग को एक कथित अवैध प्रदर्शन में बच्चों को आगे कर पुलिस या प्रशासन की कार्रवाई से बचने की साजिश से संबंधित शिकायत मिली थी। शिकायत में अभिजीत दिपके, सौरव दास और अजिंक्य शिंदे के खिलाफ आरोप लगाए गए हैं।
कानूनगो के अनुसार, शिकायत की जांच के दौरान शिकायतकर्ता ने वॉट्सऐप समूह में कथित साजिश से जुड़े पर्याप्त साक्ष्य आयोग के समक्ष प्रस्तुत किए। इसके बाद आयोग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
आयोग ने कहा कि किसी भी अवैध गतिविधि में बच्चों का इस्तेमाल करना कानून के तहत गंभीर विषय है। किशोर न्याय अधिनियम की संबंधित धाराओं का हवाला देते हुए मुंबई पुलिस आयुक्त को उचित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा, आयोग ने आईटी मंत्रालय, सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ और महाराष्ट्र के महिला एवं बाल विकास विभाग को बच्चों की सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।














