सुवा, 07 अक्टूबर।
फिजी में आयोजित प्री-सीओपी31 बैठक में भारत ने जलवायु परिवर्तन के खिलाफ कार्रवाई तेज करने और पेरिस समझौते को प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर दिया। केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा कि जलवायु लक्ष्यों को हासिल करने के लिए मौजूदा प्रतिबद्धताओं को पूरा करना, नीतियों और उनके क्रियान्वयन के बीच की खाई को कम करना तथा वैश्विक तापमान वृद्धि को 1.5 डिग्री सेल्सियस तक सीमित रखने की दिशा में तेजी से काम करना जरूरी है। पूर्ण सत्र को संबोधित करते हुए यादव ने क्षमता निर्माण को मजबूत करने और जलवायु कार्रवाई के लिए पर्याप्त संसाधन उपलब्ध कराने की आवश्यकता बताई। उन्होंने उच्च प्रभाव वाली जलवायु शमन परियोजनाओं, बड़े स्तर पर अनुकूलन उपायों और जलवायु वित्त समेत अन्य संसाधनों की प्रभावी उपलब्धता के ठोस उदाहरण सामने रखने की जरूरत पर भी बल दिया।
बैठक से इतर भूपेंद्र यादव ने संयुक्त राष्ट्र की उप महासचिव अमीना जे. मोहम्मद और यूएनएफसीसीसी के कार्यकारी सचिव साइमन स्टील के साथ जलवायु वित्त, अनुकूलन और न्यायसंगत संक्रमण जैसे मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने जलवायु संबंधी सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए यूरोपीय आयुक्त फॉर क्लाइमेट वॉपके होकस्ट्रा से भी मुलाकात की। इस दौरान स्वच्छ ऊर्जा, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण और विज्ञान आधारित सहयोग पर चर्चा हुई। सीओपी31 से पहले हुई इन बैठकों में भारत ने जलवायु कार्रवाई के लिए विकसित देशों की मौजूदा प्रतिबद्धताओं, वित्तीय संसाधनों और तकनीकी सहयोग को प्रभावी ढंग से लागू करने की जरूरत को प्रमुखता दी।














