भोपाल, 07 अक्टूबर।
मध्य प्रदेश से दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई के बावजूद राज्य के मौसम का मिजाज पूरी तरह साफ नहीं हुआ है, और एक सक्रिय साइक्लोनिक सर्कुलेशन के प्रभाव से पूर्वी हिस्से के कई जिलों में अगले तीन दिनों तक बारिश, गरज-चमक तथा तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है। बुधवार को जबलपुर, रीवा, सतना और शहडोल समेत करीब 16 जिलों में बारिश के आसार बने हुए हैं, जबकि भोपाल और इंदौर सहित पश्चिमी मध्य प्रदेश में दिन के समय तेज धूप खिलने के साथ रात के तापमान में हल्की ठंडक महसूस की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, इस मौसमी तंत्र का असर मुख्य रूप से पूर्वी संभागों में 9 अक्टूबर तक रहने की उम्मीद है, जिसके बाद 10 अक्टूबर से इसके कमजोर होने के संकेत हैं।
इस वर्ष मध्य प्रदेश में मानसून लगभग 100 दिन सक्रिय रहा, जिसकी शुरुआत 24 जून को हुई थी और 3 अक्टूबर तक पूरे प्रदेश से इसकी विदाई हो चुकी है। इस पूरे सीजन के दौरान राज्य में कुल 908.4 मिमी यानी 35.8 इंच बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य कोटे के मुकाबले लगभग 4 प्रतिशत कम रही। हालांकि पूर्वी मध्य प्रदेश में सामान्य से 4 प्रतिशत अधिक पानी गिरा, वहीं पश्चिमी क्षेत्र में औसत से 12 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई। मौजूदा समय में रात के तापमान में गिरावट का दौर शुरू हो चुका है, जहां इंदौर, पचमढ़ी और छिंदवाड़ा जैसे शहरों में न्यूनतम तापमान 17 से 18 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है, जबकि ग्वालियर जैसे इलाकों में दिन के वक्त गर्मी का असर अब भी बरकरार है।














