बेरूत (लेबनान), 25 मई।
लेबनान में लागू सैन्य विराम के बीच इजराइल द्वारा दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्लाह के गढ़ माने जाने वाले क्षेत्रों पर हवाई और जमीनी हमलों को और तेज कर दिया गया है, जिसके चलते मंगलवार को कम से कम 34 लोगों की जान चली गई तथा 40 अन्य घायल हो गए हैं।
इस बीच इजराइल डिफेंस फोर्सेज की ओर से दक्षिणी और पूर्वी लेबनान के कई कस्बों एवं गांवों को खाली कराने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है, जिससे क्षेत्र में तनाव और दहशत का माहौल गहरा गया है।
स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार इजराइली सैन्य कार्रवाई के चलते दक्षिणी लेबनान में अफरातफरी की स्थिति बन गई है और लोग लगातार बढ़ते जमीनी हमलों से बचने के लिए सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं, जबकि थल सेना की गतिविधियां आगे बढ़ती जा रही हैं।
सैन्य कार्रवाई के दौरान पूर्वी लेबनान के बेका क्षेत्र में मशगारा गांव तथा उससे उत्तर दिशा में स्थित रणनीतिक महत्व वाले काराउन बांध को भी निशाना बनाया गया है, जिससे क्षेत्र में स्थिति और गंभीर हो गई है।
इजराइली बलों द्वारा नबातीह शहर को खाली कराने के लिए भी लोगों को हटाया जा रहा है, वहीं प्रधानमंत्री की ओर से कहा गया है कि यह कदम उत्तरी इजराइल के नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है, जबकि संघर्ष विराम की स्थिति पर पहले बनी उम्मीदें अब टूटती दिखाई दे रही हैं।
उधर, इजराइली सेना का कहना है कि उत्तरी क्षेत्रों में हवाई हमले की आशंका को देखते हुए कई स्थानों पर सायरन बजाए जा रहे हैं, जबकि हिजबुल्लाह ने दक्षिणी लेबनान और उत्तरी इजराइल में सैन्य ठिकानों पर किए गए 22 हमलों की जिम्मेदारी ली है।
लेबनान के स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सोमवार शाम बेका घाटी के मशघारा गांव में एक इमारत पर हुए इजराइली हमले में कम से कम 11 लोगों की मौत हो गई है, जिससे हालात और अधिक गंभीर हो गए हैं।















