भोपाल, 13 अप्रैल।
मध्य प्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा आयोजित कक्षा 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं का परिणाम 15 अप्रैल को सुबह 11 बजे घोषित किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एक विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से दोनों कक्षाओं के नतीजे एक साथ जारी करेंगे।
स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने जानकारी दी कि परिणाम के साथ दोनों कक्षाओं की राज्य स्तरीय मेरिट सूची भी प्रकाशित की जाएगी। टॉप करने वाले मेधावी छात्रों को सरकार द्वारा सम्मानित किया जाएगा। छात्र अपने परिणाम केवल रोल नंबर के माध्यम से देख सकेंगे। बोर्ड ने उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन और डेटा अपलोडिंग का कार्य पहले ही पूरा कर लिया है।
उन्होंने बताया कि परिणाम जारी करने से पहले सभी स्तरों पर क्रॉस वेरिफिकेशन और जांच प्रक्रिया पूरी कर ली गई है, ताकि किसी प्रकार की त्रुटि न रहे। पूरी प्रक्रिया को त्रुटिरहित और विश्वसनीय बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया है।
इस वर्ष 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में प्रदेशभर से 16 लाख से अधिक विद्यार्थी शामिल हुए। इनमें लगभग 9 लाख 7 हजार छात्र 10वीं और करीब 7 लाख छात्र 12वीं परीक्षा में बैठे। परीक्षा के लिए 3856 केंद्र बनाए गए थे। नकल रोकने के लिए फ्लाइंग स्क्वॉड, सीसीटीवी निगरानी और वीडियोग्राफी जैसी व्यवस्थाएं की गई थीं, फिर भी करीब 100 नकल के मामले सामने आए, जिनमें मुरैना में सबसे अधिक 41 और भोपाल में 20 प्रकरण दर्ज किए गए।
विशेषज्ञों और चिकित्सकों ने अभिभावकों से अपील की है कि वे परिणाम को लेकर बच्चों पर अनावश्यक दबाव न डालें और उन्हें मानसिक सहयोग प्रदान करें। गांधी मेडिकल कॉलेज की विशेषज्ञ डॉ. रुचि सोनी ने कहा कि परीक्षा जीवन का अंतिम मूल्यांकन नहीं है, इसलिए बच्चों को सकारात्मक माहौल देना जरूरी है।
शिक्षा विभाग का उद्देश्य समय पर परिणाम जारी करना है, ताकि छात्र बिना किसी देरी के आगे की पढ़ाई या प्रवेश प्रक्रिया में शामिल हो सकें और उन्हें राहत मिल सके।











.jpg)