उज्जैन, 08 मई।
मध्य प्रदेश उर्दू अकादमी एवं संस्कृति विभाग के संयुक्त तत्वावधान में सूफी सम्मेलन के अंतर्गत ‘शाम-ए-मौसिकी’ का भव्य आयोजन 11 मई को उज्जैन में किया जाएगा। यह सांगीतिक संध्या अभिरंग नाट्यगृह, कालिदास संस्कृत अकादमी परिसर में शाम सात बजे से प्रारंभ होगी।
कार्यक्रम को लेकर उर्दू अकादमी की निदेशक डॉ. नुसरत मेहदी ने बताया कि यह आयोजन केवल संगीत प्रस्तुति नहीं है, बल्कि सूफी परंपरा, गजल और साझा संस्कृति की आध्यात्मिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का प्रयास है। इसके माध्यम से इंसानियत, प्रेम और भाईचारे का संदेश प्रस्तुत किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि उज्जैन जैसे सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व वाले नगर में इस प्रकार का आयोजन कला और अध्यात्म की समृद्ध परंपरा को और मजबूत करता है। सूफी कलाम और गजलें संगीत के माध्यम से भावनाओं की गहराई को व्यक्त करने का सशक्त माध्यम हैं।
इस अवसर पर मध्य प्रदेश से जुड़े कई प्रतिष्ठित कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे, जिनमें गजल गायन के माध्यम से श्रोताओं को एक विशेष संगीतमय अनुभव प्रदान किया जाएगा। कार्यक्रम में विविध कलाकार सूफी संगीत और गजलों की प्रस्तुति से शाम को यादगार बनाएंगे।
कार्यक्रम का संचालन भी विशेष रूप से निर्धारित किया गया है, जिससे आयोजन को सुचारू रूप से प्रस्तुत किया जा सके। आयोजन समिति ने उज्जैन के कला और साहित्य प्रेमियों से बड़ी संख्या में उपस्थित होकर इस सांस्कृतिक संध्या को सफल बनाने की अपील की है।



.jpg)


.jpg)

.jpg)

.jpg)