प्रयागराज, 13 जून।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव और उनकी पुत्री अदिति यादव के खिलाफ सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित किए जाने के मामले में प्रयागराज की अदालत में कानूनी हस्तक्षेप की मांग की गई है। इस संबंध में न्यायालय के समक्ष प्रार्थनापत्र दाखिल किया गया है।
समाजवादी पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष एवं पार्टी के विभिन्न राज्यों के प्रभारी रहे योगेश चन्द्र यादव की ओर से प्रस्तुत आवेदन में संबंधित सोशल मीडिया खातों और उनके संचालकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। आवेदन वरिष्ठ अधिवक्ताओं के माध्यम से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की प्रासंगिक धाराओं के तहत न्यायालय में प्रस्तुत किया गया।
प्रार्थनापत्र में आरोप लगाया गया है कि कुछ सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ऐसी सामग्री प्रसारित की गई, जो कथित रूप से मानहानिकारक, आपत्तिजनक और सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करने वाली है। साथ ही संबंधित व्यक्तियों की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का भी आरोप लगाया गया है।
याचिका में मांग की गई है कि संबंधित खातों और उनके संचालकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर मामले की विधिसम्मत जांच कराई जाए। आवेदन में कहा गया है कि इस तरह की सामग्री का प्रसार सामाजिक वातावरण पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है।
मामले पर सुनवाई करते हुए एसीजेएम न्यायालय ने पुलिस से रिपोर्ट तलब की है। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई और विस्तृत बहस के लिए 18 जून 2026 की तारीख निर्धारित की है।
अब पुलिस रिपोर्ट न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत होने के बाद मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया और संभावित कार्रवाई को लेकर निर्णय लिया जाएगा।













