नई दिल्ली, 15 जुलाई।
वाहन चोरी पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से द्वारका जिला पुलिस ने 72 घंटे तक चलाए गए विशेष अभियान ऑपरेशन चक्र के दौरान बड़ी सफलता हासिल की है। इस अभियान में पुलिस ने 30 ऑटो लिफ्टरों को गिरफ्तार कर 64 चोरी के वाहन बरामद किए। बरामद वाहनों में 61 दोपहिया और तीन चारपहिया वाहन शामिल हैं। कार्रवाई के साथ वाहन चोरी के 64 मामलों का भी खुलासा हुआ है।
द्वारका जिले के पुलिस उपायुक्त कुशल पाल सिंह के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान का लक्ष्य वाहन चोर गिरोहों, चोरी के वाहन खरीदने-बेचने वाले नेटवर्क और आदतन अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना था। अभियान में जिले के सभी थानों की पुलिस के साथ एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड ने भी सक्रिय भूमिका निभाई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, खुफिया सूचनाओं के आधार पर अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी की गई। साथ ही ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (एएनपीआर) प्रणाली की मदद से संदिग्ध वाहनों पर निगरानी रखी गई। पूरे जिले में पिकेट चेकिंग अभियान चलाया गया और संवेदनशील पार्किंग स्थलों पर भी विशेष नजर रखी गई।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए 30 आरोपितों में 17 ऐसे अपराधी शामिल हैं, जो पहले भी वाहन चोरी समेत विभिन्न मामलों में संलिप्त रह चुके हैं। इसके अलावा चार घोषित बदमाश भी पुलिस के हत्थे चढ़े। बरामद 64 वाहनों में 36 चिन्हित पार्किंग स्थलों से, 23 आदतन वाहन चोरों के कब्जे से, तीन पिकेट चेकिंग के दौरान और दो वाहन एएनपीआर तकनीक की सहायता से बरामद किए गए।
पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन चक्र का उद्देश्य केवल चोरी के वाहन बरामद करना नहीं, बल्कि वाहन चोरी से जुड़े पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करना भी है। अधिकारियों के अनुसार, ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे, ताकि वाहन चोरी की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके और लोगों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
















