श्रीनगर, 1 अगस्त।
आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) कश्मीर ने शनिवार के रोज यह खुलासा किया कि उसने केंद्रीय सहकारी बैंक की लंगेट शाखा से जुड़े लगभग सवा तीन करोड़ रुपये के कथित घोटाले के सिलसिले में दो आरोपियों के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी है।
जारी किए गए एक आधिकारिक विवरण के अनुसार जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच की ईओडब्ल्यू इकाई ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हंदवाड़ा की अदालत के समक्ष यह आरोपपत्र धोखाधड़ी, फर्जीवाड़े और आपराधिक साजिश से जुड़ी धाराओं के तहत पेश किया है।
अधिकारियों ने बताया कि इस जांच का सिलसिला राज्य के तत्कालीन रजिस्ट्रार सहकारी समितियां द्वारा भेजे गए एक शिकायती पत्र से शुरू हुआ था, जिसमें बारामूला स्थित केंद्रीय सहकारी बैंक की कई शाखाओं में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए गए थे।
पड़ताल के दौरान यह तथ्यात्मक रूप से साबित हुआ कि लंगेट शाखा के तत्कालीन प्रबंधक ने अन्य लोगों के साथ मिलकर फर्जी ऋण मंजूर किए और वित्तीय सीमाओं का उल्लंघन करते हुए भारी ओवरड्राफ्ट पास किया, जिससे बैंक को लगभग 3.11 करोड़ रुपये की भारी-भरकम चपत लगी। जांच में यह भी साफ हुआ कि इन लेन-देन को अंजाम देने के लिए सोची-समझी साजिश रची गई थी, जिसके पुख्ता सबूत मिलने के बाद अदालत में परोपपत्र दाखिल किया गया।
इस प्रकरण में जिन व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए चार्जशीट दायर की गई है, उनमें सेवानिवृत्त शाखा प्रबंधक गुलाम मोहम्मद बेग और कैशियर-सह-क्लर्क अब्दुल हामिद गोजरी के नाम शामिल हैं।
जांच एजेंसी ने आम जनता को आगाह करते हुए यह सलाह दी है कि वे इस तरह के वित्तीय फर्जीवाड़े से सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की फौरन सूचना जिम्मेदार अधिकारियों को दें।




















