ग्वालियर, 5 अगस्त।
ग्वालियर जिले में शासकीय भूमि से जुड़े प्रकरण में अनियमितता पाए जाने पर नायब तहसीलदार सतेन्द्र तोमर को निलंबित कर दिया गया है। संभागीय आयुक्त मनोज खत्री ने यह कार्रवाई कलेक्टर रुचिका चौहान की ओर से भेजे गए प्रतिवेदन के आधार पर की।
प्रतिवेदन के अनुसार, पुरानी छावनी वृत में पदस्थ नायब तहसीलदार सतेन्द्र तोमर ने ग्राम मऊ स्थित शासकीय भूमि सर्वे क्रमांक-296/2 के संबंध में बिना आवश्यक परीक्षण के नामांतरण आदेश पारित किया। इसके बाद सक्षम अधिकारी से पुनर्विलोकन की अनुमति प्राप्त किए बिना ही अपने ही आदेश में संशोधन कर दिया।
जिला प्रशासन के अनुसार, मध्य प्रदेश राजस्व संहिता अथवा अन्य प्रावधानों के तहत निर्धारित अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर कार्रवाई करना किसी भी पीठासीन अधिकारी के लिए अनुमेय नहीं है। इस मामले में नायब तहसीलदार के कार्यों को नियमों के विपरीत पाया गया।
संभागीय आयुक्त मनोज खत्री ने माना कि सतेन्द्र तोमर द्वारा शासकीय दायित्वों के निर्वहन में गंभीर लापरवाही, कर्तव्य के प्रति उदासीनता और दायित्वों का समुचित पालन नहीं किया गया। इसके आधार पर मध्य प्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम के तहत उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।
आदेश के अनुसार, निलंबन अवधि में सतेन्द्र तोमर का मुख्यालय ग्वालियर कलेक्टर कार्यालय रहेगा तथा उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।














