नई दिल्ली, 05 अगस्त।
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने वित्तीय धोखाधड़ी के मामले में वांछित विशाखा राठौड़ को संयुक्त अरब अमीरात से भारत लाने में सफलता हासिल की है। सोमवार को उसे पुणे लाया गया, जहां महाराष्ट्र पुलिस ने उसे अपनी हिरासत में ले लिया।
सीबीआई के अनुसार विशाखा राठौड़ पर आरोप है कि उसने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर निवेशकों को विभिन्न योजनाओं में धन लगाने के लिए झूठे आश्वासन दिए। निवेश पर निश्चित मासिक रिटर्न का भरोसा दिलाने के बाद कथित रूप से निवेशकों की रकम का दुरुपयोग किया गया और उसे कई बैंक खातों तथा डिमैट खातों के माध्यम से इधर-उधर स्थानांतरित किया गया।
जांच एजेंसी ने बताया कि इस मामले में पहले इंटरपोल के माध्यम से विशाखा राठौड़ के खिलाफ रेड नोटिस जारी कराया गया था। सीबीआई के मुताबिक यह प्रत्यर्पण विदेश मंत्रालय और गृह मंत्रालय के सहयोग से संभव हो सका, जो अंतरराष्ट्रीय समन्वय का परिणाम है।
सरकार के अनुसार वर्ष 2019 से जुलाई 2026 के बीच 274 भगोड़े अपराधियों को 36 देशों से भारत लाया जा चुका है। यह कार्रवाई विदेश में रहकर भारतीय कानून से बचने वाले आरोपितों को न्यायिक प्रक्रिया के दायरे में लाने के अभियान का हिस्सा है।














