जकार्ता, 15 सितंबर।
इंडोनेशिया के जावा सागर में फेरी ‘वर्गो ट्रांसपोर्ट 8’ के पलटने से बड़ा हादसा हो गया। दुर्घटना में कम से कम छह लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, वहीं 130 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। राहत और बचाव दल समुद्र में लगातार तलाशी अभियान चला रहे हैं। अब तक 107 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है।
फेरी पर कुल 243 लोग सवार थे। इनमें 213 यात्री और 30 चालक दल के सदस्य शामिल थे। जहाज शनिवार को जावा द्वीप के सुराबाया से रवाना हुआ था और बोर्नियो द्वीप के बंदरगाह शहर बंजारमासिन की ओर जा रहा था।
रविवार तड़के फेरी का अपने संचालक से संपर्क टूट गया। इसके बाद अधिकारियों ने तलाश और बचाव अभियान शुरू किया। इंडोनेशिया के परिवहन मंत्रालय ने भी फेरी के पलटने की पुष्टि की है।
बंजारमासिन के खोज एवं बचाव कार्यालय के प्रमुख आई पुतु सुदायाना के अनुसार, दुर्घटना के समय समुद्र में मौसम खराब था। फेरी की आखिरी ज्ञात स्थिति बंजारमासिन से करीब 81 समुद्री मील यानी 150 किलोमीटर दूर जावा सागर में बताई गई है।
बचाव कार्य के लिए जहाजों के साथ हेलीकॉप्टर भी तैनात किए गए हैं। समुद्र में करीब 2.5 मीटर ऊंची लहरें अभियान में मुश्किल पैदा कर रही हैं। अधिकारियों के मुताबिक समुद्र की मौजूदा स्थिति बचाव जहाजों के लिए भी खतरनाक बनी हुई है।
फेरी के डूबने या पलटने की सटीक वजह अभी सामने नहीं आई है। घटना की जांच जारी है। इसमें खराब मौसम के साथ संभावित तकनीकी खराबी और अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
इंडोनेशिया में समुद्री परिवहन लोगों के आवागमन का प्रमुख साधन है। करीब 17 हजार द्वीपों वाले इस देश में बड़ी संख्या में लोग एक द्वीप से दूसरे द्वीप जाने के लिए फेरी का इस्तेमाल करते हैं।
हवाई यात्रा की तुलना में समुद्री सफर अपेक्षाकृत सस्ता और आसानी से उपलब्ध होने के कारण इंडोनेशिया में फेरी का बड़े स्तर पर इस्तेमाल होता है।
हाल के महीनों में देश में कई समुद्री दुर्घटनाएं भी हुई हैं। पिछले महीने बाली और लोम्बोक के बीच चलने वाली फेरी में आग लगने से एक व्यक्ति की मौत हुई थी और पांच लोग लापता हो गए थे।
जुलाई में भी सुलावेसी के दक्षिण में सेलायार द्वीप के पास 70 से अधिक लोगों को लेकर जा रही एक फेरी डूब गई थी।
















