वाशिंगटन21 सितंबर।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ जारी संघर्ष को लेकर एक बार फिर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि वह इस युद्ध के संबंध में अंतिम निर्णय लेने की प्रक्रिया में हैं और चेतावनी दी है कि आने वाले समय में बहुत बड़े घटनाक्रम देखने को मिल सकते हैं। उनका यह कड़ा रुख तब सामने आया है जब एक दिन पहले ही तेहरान ने मध्यस्थ देशों के माध्यम से स्ट्रेट ऑफ हॉर्मूज को दोबारा खोलने के लिए अपनी शर्तें वाशिंगटन के साथ साझा करने की बात कही थी। ट्रंप की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन के संयुक्त राष्ट्र महासभा में शामिल होने के लिए न्यूयॉर्क की यात्रा करने की संभावना है, जिसके साथ एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल के भी आने के कयास लगाए जा रहे हैं।
एक मीडिया इंटरव्यू के दौरान ट्रंप ने दो टूक कहा कि यदि ईरानी शासन का रवैया नहीं सुधरा, तो निकट भविष्य में बेहद नाटकीय और बड़े कदम उठाए जा सकते हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्होंने इस संघर्ष से निपटने के तीन संभावित विकल्पों पर विचार किया है— जिनमें ईरान को पूरी तरह नेस्तनाबूद करना, उसे आर्थिक रूप से पंगु बनने के लिए छोड़ देना, या फिर किसी समझौते पर पहुंचना शामिल है। वहीं दूसरी ओर, ईरान ने कतर के जरिए अमेरिका के सामने सात सूत्रीय शर्तें रखी हैं ताकि चल रहे युद्ध को समाप्त करने के वास्ते दोबारा बातचीत का दौर शुरू किया जा सके।
क्षेत्र के अन्य संघर्षों का जिक्र करते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि सऊदी अरब को निशाना बनाकर किए गए हालिया बैलिस्टिक मिसाइल हमलों के बाद वाशिंगटन लगातार यमन के हूती विद्रोहियों के संपर्क में बना हुआ है। उन्होंने दावा किया कि इस विद्रोही गुट ने अमेरिकी सैन्य कर्मियों और अधिकारियों पर हमले न करने पर सहमति जताई है।
















