ग्वालियर (मध्य प्रदेश), 27 मई।
शहर के महाराजपुरा थाना अंतर्गत पटरी रोड इलाके में बुधवार सुबह पुरानी रंजिश ने भयावह रूप ले लिया। सरकारी जमीन पर रेत डंप करने के पुराने विवाद को लेकर बीएसएफ से सेवानिवृत्त जवान विष्णु दुबे ने अपने साथियों के साथ मिलकर ससुर-दामाद पर अंधाधुंध गोलियां बरसा दीं। इस बर्बर हमले में दामाद महेंद्र उर्फ भोला गुर्जर की उपचार के दौरान मौत हो गई, वहीं ससुर सत्यभान गुर्जर की हालत अत्यंत नाजुक बनी हुई है और उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया है।
वारदात सुबह करीब 10:30 बजे हुई, जब भोला गुर्जर अपने ससुर के साथ पटरी रोड से गुजर रहे थे। बाइक सवार हमलावरों ने उन्हें घेरकर कट्टों और पिस्तौल से करीब 15 से 20 राउंड फायरिंग की। गोलियों की आवाज से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाकर भागने लगे। लहूलुहान अवस्था में गिरे दोनों पीड़ितों को स्थानीय लोगों की सूचना पर जयारोग्य अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां भोला गुर्जर ने दम तोड़ दिया।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सरकारी भूमि पर रेत के अवैध डंपिंग का विवाद ही हमले की मुख्य वजह सामने आई है। इस घटना के बाद गुर्जर समाज में भारी आक्रोश व्याप्त है और अस्पताल से लेकर घटना स्थल तक तनावपूर्ण स्थिति है। पुलिस ने इलाके में अतिरिक्त बल और क्विक रिस्पॉन्स फोर्स तैनात कर दी है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति को नियंत्रित किया जा सके।
एडिशनल एसपी सुमन सिंह गुर्जर ने बताया कि मुख्य आरोपी विष्णु दुबे और उसके साथियों के खिलाफ हत्या व हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। हत्यारों की धरपकड़ के लिए चार विशेष पुलिस टीमें गठित की गई हैं जो मुरार, भिंड और मुरैना समेत संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस ने जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया है।















