किंशासा, 07 मई
कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य में एक बार फिर हिंसा की भयावह घटना सामने आई है, जहां विद्रोही संगठन एलाइड डेमोक्रेटिक फोर्सेस (एडीएफ) के हमले में कम से कम 22 नागरिकों की हत्या कर दी गई। यह समूह देश के पूर्वी हिस्से में लंबे समय से सक्रिय सबसे खतरनाक और हिंसक विद्रोही संगठनों में से एक माना जाता है।
एडीएफ की शुरुआत 1990 के दशक के मध्य में युगांडा में सरकार विरोधी गुट के रूप में हुई थी, लेकिन समय के साथ यह संगठन कांगो में अपना प्रभाव बढ़ाते हुए लगातार हिंसा फैलाता रहा है। वर्तमान में यह मुख्य रूप से कांगो के पूर्वी क्षेत्रों में आतंक का पर्याय बन चुका है।
मंगलवार की आधी रात से बुधवार सुबह के बीच उत्तरी किवू प्रांत के बेनी क्षेत्र स्थित ब्यू मन्यामा शहर में विद्रोहियों ने अचानक हमला किया। इस दौरान हमलावरों ने धारदार हथियारों का इस्तेमाल करते हुए 22 लोगों को मौत के घाट उतार दिया, जिससे इलाके में दहशत फैल गई।
एडीएफ को इस्लामिक स्टेट संगठन से जुड़ा हुआ समूह माना जाता है। यह संगठन अब तक हजारों निर्दोष नागरिकों की जान ले चुका है। अमेरिका और संयुक्त राष्ट्र द्वारा इसे आतंकवादी संगठन घोषित किया जा चुका है।
इस खतरे को देखते हुए कांगो की सेना, संयुक्त राष्ट्र शांति बल और युगांडा की सेना मिलकर एडीएफ के खिलाफ संयुक्त सैन्य अभियान चला रही हैं, ताकि इस हिंसक संगठन के प्रभाव को समाप्त किया जा सके।











