भोपाल, 15 अप्रैल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि देश को मातृसत्ता से जोड़ने की दिशा में ठोस प्रयास किए जा रहे हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण का नया दौर प्रारंभ हो रहा है। उन्होंने कहा कि 16 अप्रैल का दिन महिला सशक्तिकरण के लिए विशेष महत्व रखेगा और 33 प्रतिशत आरक्षण लागू होने पर लोकतंत्र और अधिक संवेदनशील एवं समावेशी बनेगा।
रवींद्र भवन में आयोजित राज्य स्तरीय नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं के हाथों में शासन की जिम्मेदारी आने से कई सकारात्मक परिवर्तन संभव हुए हैं। उन्होंने प्रदेश की ऐतिहासिक धरोहर का उल्लेख करते हुए कहा कि यह भूमि रानी दुर्गावती और लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर जैसे आदर्शों से प्रेरित रही है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं का सम्मान भी किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में महिलाओं को विभिन्न स्तरों पर अवसर दिए जा रहे हैं और स्थानीय निकायों में बड़ी संख्या में महिलाएं नेतृत्व की भूमिका निभा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में महिला नेतृत्व के कई उदाहरण सामने आए हैं, जिन्होंने समाज में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की भागीदारी को देश की प्रगति के लिए आवश्यक बताया और कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण से राष्ट्र निर्माण को नई दिशा मिलती है।
कार्यक्रम में विभिन्न जनप्रतिनिधियों और विशेषज्ञों ने भी महिला सशक्तिकरण पर अपने विचार रखे। वक्ताओं ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को ऐतिहासिक बताते हुए इसे महिलाओं के अधिकारों को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।









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