काठमांडू, 24 मार्च।
नेपाल की संसद के निचले सदन प्रतिनिधि सभा में निर्वाचित 24 सांसद अपनी मातृभाषा में शपथ लेने के लिए तैयार हैं। इनमें संस्कृत, मैथिली, भोजपुरी, अवधी, मगही, थारू, राना थारू, तमांग, नेवारी, डोटेली और वान्तावा जैसी भाषाओं में शपथ लेने की जानकारी संसदीय सचिवालय को दी गई है।
संसदीय सचिवालय के अनुसार 26 मार्च को दोपहर 2 बजे आयोजित शपथ समारोह में ये सांसद अपनी-अपनी भाषाओं में शपथ लेंगे। संसद सचिवालय ने मातृभाषा में शपथ लेने वाले सांसदों को तीन दिन पहले सूचना देने का निर्देश जारी किया था। सचिवालय के प्रवक्ता एकराम गिरी ने बताया कि कुल 11 अलग-अलग मातृभाषाओं में शपथ लेने की योजना बनाई गई है।
प्रोटेम स्पीकर की शपथ 25 मार्च को राष्ट्रपति भवन में होगी, जबकि 26 मार्च को संसद भवन में शेष सांसदों का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया जाएगा। इस दौरान 24 सांसद अपनी मातृभाषा में शपथ लेंगे, जो बहुभाषी प्रतिनिधित्व की अनोखी पहल मानी जा रही है।
मातृभाषा में शपथ लेने वाले सांसदों में संस्कृत भाषा में खुश्बु ओली, मैथिली में उज्जवल कुमार झा, दीपक कुमार साह (महोत्तरी), दीपक कुमार साह (सुनसरी), प्रमोद कुमार महतो, मातृका यादव और सीताराम साह शामिल हैं। भोजपुरी में कन्हैया बनिया, मगही में जोग कुमार यादव, अवधी में मोहम्मद इश्तियाक राई, थारू में गीता चौधरी और प्रमिला कुमारी गच्छदार, राना थारू में कृपा राम राना, तमांग में परशुराम तमांग, नेवारी में अनुष्का श्रेष्ठ, कृष्ण भक्त शाक्य, गंगा लक्ष्मी अवाल, मदन कृष्ण श्रेष्ठ, रुकेश रञ्जित और विराज भक्त श्रेष्ठ, डोटेली में आकृति अवस्थी, दीपक राज बोहरा और हरिना देवी कामी तथा वान्तावा में ध्रुवराज राय शामिल हैं।












