शिमला, 06 जून।
राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता ने शुक्रवार शाम शिमला में 'पंचानद शोध संस्थान' द्वारा आयोजित ‘भारत 2047: विकसित भारत का संकल्प’ विषयक वार्षिक व्याख्यान को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि 2047 तक भारत को एक विकसित और आत्मनिर्भर राष्ट्र बनाने का लक्ष्य केवल सरकारी प्रयास नहीं, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों का सामूहिक राष्ट्रीय मिशन है। राज्यपाल ने स्पष्ट किया कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा, जब देश का किसान, युवा, महिलाएँ और ग्रामीण अर्थव्यवस्था इस विकास यात्रा में सशक्त भागीदार बनेंगे।
राज्यपाल ने युवाओं को रोजगार की तलाश के बजाय 'रोजगार सृजक' बनने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश प्रतिभाओं का केंद्र है और राज्य में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, कौशल विकास और नवाचार के माध्यम से युवाओं को नई दिशा देने की आवश्यकता है। उन्होंने पंचानद शोध संस्थान के राष्ट्र निर्माण से जुड़े कार्यों की सराहना करते हुए समाज के प्रत्येक वर्ग को विकसित भारत के संकल्प के साथ जुड़ने का आह्वान किया।
इस कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल ने राधिका धीमान और अमरदीप सिंह द्वारा लिखित पुस्तकों का विमोचन भी किया। संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रो. बृज किशोर कुठियाला और अन्य प्रबुद्धजनों ने भी इस परिकल्पना पर अपने विचार रखे।









