नई दिल्ली, 8 जून।
तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में बड़ा राजनीतिक संकट गहराता दिखाई दे रहा है, जहां पार्टी की बागी सांसद काकोली घोष दस्तीदार सहित करीब 20 सांसदों ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को समर्थन देने का निर्णय लिया है। इस संबंध में उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को भी अपनी स्थिति से अवगत कराया है।
पश्चिम बंगाल के बारासात से सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने बताया कि लगभग 20 सांसदों ने पहले ही लोकसभा अध्यक्ष को पत्र भेजकर राजग सरकार के समर्थन की इच्छा जताई है। उनका कहना है कि यह निर्णय आपसी विचार-विमर्श के बाद लिया गया है और वे लोकसभा में टीएमसी की मुख्य सचेतक भी रही हैं, हालांकि उन्हें पद से हटाने को लेकर उन्होंने असहमति जताई है।
उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी नेतृत्व का निर्णय एकतरफा और मनमाना रहा, जबकि संवैधानिक और संसदीय स्थिति रातोंरात नहीं बदलती। साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि जनता के जनादेश को स्वीकार करते हुए भविष्य में राजनीतिक दिशा राजग के साथ रखने की बात सामने आई है।
इस बीच, संसद में टीएमसी के कुल 40 सांसद हैं, जिनमें लोकसभा के 28 और राज्यसभा के 12 सदस्य शामिल हैं। हाल ही में सुखेंदु शेखर रॉय ने पार्टी और राज्यसभा सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। वहीं बागी सांसदों की केंद्रीय मंत्री भूपेन्द्र यादव के साथ बैठक भी हुई है।
बताया गया है कि बापी हलदार, जून मालिया, जगदीश बसुनिया, कालीपदा सोरेन, अरूप चक्रवर्ती, पार्थ भौमिक, शर्मिला सरकार, काकोली घोष दस्तीदार, प्रसून बनर्जी, शताब्दी रॉय और असीत माल सहित कई सांसद इस समूह में शामिल हैं। यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब पश्चिम बंगाल में पार्टी के भीतर असंतोष बढ़ता जा रहा है और विधानसभा में भी कई विधायकों ने अलग बैठने की व्यवस्था के बाद नाराजगी जताई है।














