भोपाल, 08 जून।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत आज दुनिया में फार्मेसी ऑफ द वर्ल्ड के रूप में मजबूत पहचान बना चुका है और इसमें मध्य प्रदेश की भूमिका तेजी से बढ़ रही है।
मुख्यमंत्री ने सोमवार को पीथमपुर में स्थापित होने जा रही वैश्विक कंज्यूमर हेल्थकेयर कंपनी हेलियन ग्रुप की पहली मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के वर्चुअल भूमि-पूजन समारोह को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित किया और रिमोट का बटन दबाकर प्रतीकात्मक रूप से भूमि-पूजन किया।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश आज निवेश के नए दौर में प्रवेश कर चुका है और औद्योगिक विकास के नए अध्याय लिख रहा है। उन्होंने बताया कि कंपनी द्वारा भारत में पहली यूनिट के लिए पीथमपुर का चयन प्रदेश की औद्योगिक नीतियों और विश्वास का परिणाम है तथा सरकार हर स्तर पर निवेशकों को पूरा सहयोग दे रही है।
करीब दो हजार करोड़ रुपये के निवेश से स्थापित होने वाली इस यूनिट से लगभग एक हजार लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है। मुख्यमंत्री ने इसे प्रदेश के विकास की बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि मध्य प्रदेश अब आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने बताया कि भारत आज मात्रा के आधार पर दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा फार्मा उत्पादक देश है और यहां हजारों कंपनियां उत्पादन कर रही हैं। मध्य प्रदेश में भी सैकड़ों फार्मा कंपनियां, एपीआई एवं बल्क ड्रग्स इकाइयां सक्रिय हैं तथा यहां से दवाओं का निर्यात कई देशों में हो रहा है।
कार्यक्रम में कंपनी के प्रतिनिधियों ने बताया कि यह निवेश भारत में उनके विस्तार की शुरुआत है और पीथमपुर में बनने वाली यह इकाई दक्षिण एशिया की सबसे बड़ी यूनिट होगी।














