नई दिल्ली, 01 जुलाई।
जिवियल इंडस्ट्रीज के शेयर बाजार में कदम रखते ही निवेशकों को मायूसी हाथ लगी है। कंपनी का आईपीओ 196 रुपये के भाव पर आया था, लेकिन आज इसकी शुरुआत 20 प्रतिशत के भारी डिस्काउंट के साथ हुई। बीएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म पर इसके शेयर 156.80 रुपये के स्तर पर लिस्ट हुए।
लिस्टिंग के तुरंत बाद बिकवाली के दबाव में शेयर 149.50 रुपये तक लुढ़क गए थे। हालांकि, बाद में खरीदारों की सक्रियता से भाव फिर से 156.80 रुपये पर स्थिर हो गए। दोपहर तक के कारोबार में निवेशकों को प्रति शेयर 39.20 रुपये का नुकसान झेलना पड़ा है, जो कि 20 फीसदी की गिरावट है।
कंपनी का 31.99 करोड़ रुपये का आईपीओ 23 से 25 जून तक खुला था, जिसे बाजार में सुस्त प्रतिक्रिया मिली थी। यह कुल 0.93 गुना ही सब्सक्राइब हो सका था। एनआईआई का हिस्सा 1.57 गुना और रिटेल श्रेणी में मात्र 0.22 गुना आवेदन प्राप्त हुए थे। जुटी हुई राशि का उपयोग नई मशीनरी, रिनोवेशन और अन्य कॉर्पोरेट कार्यों में किया जाएगा।
कंपनी की वित्तीय सेहत लगातार सुधार पर है। वित्त वर्ष 2022-23 में 1.17 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ 2024-25 में बढ़कर 2.97 करोड़ रुपये हो गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 के शुरुआती नौ महीनों में यह 2.95 करोड़ रुपये रहा है। राजस्व भी 8.40 करोड़ रुपये से बढ़कर 12.20 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया है।
कर्ज के मामले में स्थिति मिली-जुली रही है। 2024-25 में कर्ज 38 लाख रुपये था, जो दिसंबर 2025 तक बढ़कर 1.23 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी का नेटवर्थ लगातार बढ़ा है और 2025-26 के नौ महीनों में यह 11.66 करोड़ रुपये हो गया है। इसके अलावा, रिजर्व और सरप्लस तथा ईबीआईटीडीए में भी कंपनी ने सकारात्मक प्रदर्शन किया है।




















