कराईकल, 06 जुलाई।
तमिलनाडु के मयिलाडुथुरै जिले से चोरी हुई 500 साल पुरानी बहुमूल्य प्राचीन मूर्तियां बरामद कर ली गई हैं। कराईकल पुलिस ने इन मूर्तियों को श्रीलंका तस्करी किए जाने से ठीक पहले पकड़ लिया। इस मामले में पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय गिरोह से जुड़े दो सदस्यों को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है।
पुलिस के अनुसार, 21 जून की रात मनलमेडु के तिरुवाडैयूर स्थित नीलकंठेश्वरर शिव मंदिर से चोरों ने पांच दुर्लभ प्रतिमाएं चुराई थीं। इनमें अमृतकरवल्ली, चंडिकेश्वरर, अप्पर और मंगालनायकी की पंचधातु प्रतिमाएं और एक कांस्य दीप शामिल था। घटना के बाद से ही पुलिस की विशेष टीमें इनकी तलाश में जुटी थीं।
खुफिया जानकारी मिलने पर कराईकल पुलिस ने धर्मपुरम इलाके के एक मकान पर छापा मारा। वहां से सभी पांचों चोरी की प्रतिमाएं सुरक्षित मिल गईं। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान अभिरामसुंदरम और शाहजहान के रूप में हुई है।
आरोपितों के मोबाइल की फोरेंसिक जांच से एक बड़े अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क का खुलासा हुआ है। उनके फोन से श्रीलंका के एजेंटों के साथ हुई चैट और बहुमूल्य मूर्तियों-आभूषणों की तस्वीरें मिली हैं। गिरोह लंबे समय से तस्करी के संगठित नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है।
पुलिस अब इस एंगल से जांच कर रही है कि क्या इन्होंने पहले भी अन्य मंदिरों को निशाना बनाया है। बरामद मूर्तियों को कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आइडल विंग को सौंप दिया जाएगा। इस त्वरित कार्रवाई से देश की अमूल्य धरोहर को विदेश जाने से बचा लिया गया।



















