भोपाल, 17 जुलाई।
द एमपी स्टेट एग्रो इंडस्ट्रीज़ डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन वर्ष 2026-27 में विभिन्न विकास गतिविधियों पर 504 करोड़ रुपये खर्च करेगा। इस संबंध में प्रस्ताव शुक्रवार को उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण मंत्री तथा निगम के अध्यक्ष नारायण सिंह कुशवाहा की अध्यक्षता में आयोजित संचालक मंडल की 203वीं बैठक में पारित किया गया।
बैठक में मंत्री कुशवाहा ने कहा कि निगम किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, गुणवत्तापूर्ण कृषि यंत्र और सिंचाई सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ कृषि क्षेत्र में नवाचार और तकनीकी उन्नयन को बढ़ावा देने के लिए लगातार कार्य कर रहा है। उन्होंने अधिकारियों को स्वीकृत योजनाओं का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि किसानों को योजनाओं का अधिकतम लाभ मिल सके।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में कृषि को लाभकारी और टिकाऊ बनाने में निगम की महत्वपूर्ण भूमिका है। सभी विकास कार्य किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए प्रभावी ढंग से संचालित किए जाएं, जिससे कृषि क्षेत्र को मजबूती मिले।
एमपी एग्रो के प्रबंध संचालक अरविंद दुबे ने बताया कि निगम ने पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में इस वर्ष अधिक सकल लाभ अर्जित किया है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2026 में 120 लाख लीटर बायो फर्टिलाइजर उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
बैठक में बाबई (नर्मदापुरम) कृषि फार्म से इंडस्ट्रियल एरिया के लिए मार्ग उपलब्ध कराने तथा फलदार पौधों वाली भूमि वापस प्राप्त करने का प्रस्ताव भी स्वीकृत किया गया। इसके अलावा संविदा कर्मचारियों की सेवा अवधि बढ़ाने और आगामी सामान्य सभा की बैठक 10 अगस्त 2026 को आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
बैठक में संचालक मंडल की सदस्य सिम्मी गुर्जर, सचिव उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण जॉन किंग्सली, आयुक्त उद्यानिकी सौरव कुमार सुमन सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।













