राजगढ़, 25 जुलाई।
मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के मोहनपुरा डेम स्थित कृषि धाम में शनिवार को प्राकृतिक खेती विषय पर किसान संगोष्ठी आयोजित की गई। भाजपा किसान मोर्चा के तत्वावधान में हुए इस कार्यक्रम में आसपास के 10 से अधिक गांवों से आए किसानों ने भाग लिया और प्राकृतिक व जैविक खेती के आधुनिक तरीकों की जानकारी प्राप्त की।
संगोष्ठी को संबोधित करते हुए भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह राजपूत ने कहा कि प्राकृतिक खेती वर्तमान समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि इस पद्धति से खेती की लागत कम होती है, मिट्टी की उर्वरता बढ़ती है, जल संरक्षण को बढ़ावा मिलता है और रसायनमुक्त खाद्यान्न का उत्पादन संभव होता है। उन्होंने किसानों से प्राकृतिक खेती अपनाकर आत्मनिर्भर कृषि की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया।
भाजपा जिला उपाध्यक्ष इंदर सिंह लववंशी ने कहा कि जैविक और प्राकृतिक खेती किसानों की आय बढ़ाने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने किसानों को टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाने पर जोर दिया।
कार्यक्रम के दौरान किसानों और अतिथियों ने कृषि धाम का भ्रमण कर यहां विकसित अनार, आम, अमरूद, स्ट्रॉबेरी सहित विभिन्न फलदार और औषधीय पौधों का अवलोकन किया। प्राकृतिक खेती के सफल प्रयोगों, आधुनिक तकनीकों और कृषि धाम की व्यवस्थाओं की सभी ने सराहना की।
संगोष्ठी में भाजपा किसान मोर्चा के पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में प्राकृतिक खेती को जन-जन तक पहुंचाने तथा समृद्ध किसान, सशक्त कृषि और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण का सामूहिक संकल्प लिया गया।














