नई दिल्ली, 14 सितंबर।
न्यूजीलैंड दौरे पर पहुंचे नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन का स्वागत किया गया। उन्होंने अपने न्यूजीलैंड समकक्ष एडमिरल गारिन गोल्डिंग के साथ मुलाकात कर दोनों देशों की नौसेनाओं के बीच समुद्री सुरक्षा सहयोग बढ़ाने पर चर्चा की।
दोनों नौसेना प्रमुखों ने साझेदारी को मजबूत करने, परिचालन सहयोग बढ़ाने और समुद्री सूचनाओं के बेहतर आदान-प्रदान के तरीकों पर विचार-विमर्श किया। स्वामीनाथन के न्यूजीलैंड पहुंचने पर एचएमएनजेडएस फिलोमेल में उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
ऑकलैंड के डेवनपोर्ट नौसैनिक अड्डे पर उन्हें पारंपरिक माओरी पोव्हिरी सम्मान भी दिया गया। एचएमएनजेडएस फिलोमेल का भारत के साथ भी ऐतिहासिक संबंध रहा है। यही युद्धपोत बाद में भारतीय नौसेना में आईएनएस दिल्ली के रूप में शामिल रहा।
दौरे के दौरान समुद्री सुरक्षा, सूचना साझा करने, प्रशिक्षण, परिचालन तालमेल, नई तकनीक और पेशेवर आदान-प्रदान जैसे विषयों पर चर्चा होगी। यह यात्रा जुलाई में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के न्यूजीलैंड दौरे के बाद दोनों देशों के संबंधों में आई गति को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
नौसेना प्रमुख न्यूजीलैंड के वरिष्ठ नेतृत्व से भी मुलाकात करेंगे। इसके अलावा वे महत्वपूर्ण परिचालन और प्रशिक्षण केंद्रों का दौरा कर रॉयल न्यूजीलैंड नेवी के कर्मियों तथा पेशेवर सैन्य शिक्षा प्राप्त कर रहे अधिकारियों से संवाद करेंगे।
यह दौरा हाल में बनी समुद्री सहयोग व्यवस्था की पृष्ठभूमि में हो रहा है। इसके जरिए दोनों देशों के बीच व्यावहारिक समुद्री सहयोग को बढ़ाने का ढांचा तैयार हुआ है। साथ ही भारत, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के बीच बढ़ते रक्षा एवं समुद्री जुड़ाव को भी इससे मजबूती मिलने की उम्मीद है।
















