भोपाल, 15 सितंबर।
मध्य प्रदेश में खरीफ विपणन वर्ष के तहत समर्थन मूल्य पर धान, ज्वार और बाजरा बेचने के लिए किसानों का पंजीयन कार्य आज मंगलवार से आरंभ हो रहा है, जो 10 अक्टूबर तक जारी रहेगा। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने अन्नदाताओं से समय पर पंजीयन कराने का अनुरोध किया है ताकि किसी भी तरह की परेशानी से बचा जा सके।
सुविधाजनक व्यवस्था के तहत राज्य भर में 1100 से अधिक पंजीयन केंद्र स्थापित किए गए हैं। ग्राम पंचायतों, जनपद पंचायतों, तहसील कार्यालयों और सहकारी समितियों के माध्यम से पंजीयन पूरी तरह निःशुल्क रहेगा, जबकि एमपी ऑनलाइन कियोस्क, कॉमन सर्विस सेंटर और साइबर कैफे पर इसके लिए अधिकतम 50 रुपये शुल्क तय किया गया है।
सिकमी, बटाईदार, कोटवार और वन पट्टाधारी किसानों के पंजीयन केवल सहकारी संस्थाओं के केंद्रों पर ही होंगे जिनका राजस्व विभाग द्वारा सत्यापन किया जाएगा। फसल का भुगतान प्राथमिकता के तौर पर सीधे किसान के आधार से जुड़े बैंक खाते में भेजा जाएगा जिसके लिए खाता और मोबाइल नंबर लिंक होना अनिवार्य है।
आधार सत्यापन के लिए ओटीपी या बायोमेट्रिक का उपयोग किया जाएगा तथा नाम में अंतर होने पर तहसील से सत्यापन कराना आवश्यक होगा। सभी जिला कलेक्टरों को निर्देश दिए गए हैं कि वे आधार केंद्र और एसएमएस के जरिए किसानों को जागरूक करें ताकि पूरी प्रक्रिया तय समयसीमा में संपन्न हो सके।
















