भोपाल, 22 सितंबर।
डोल ग्यारस के मौके पर मंगलवार को राजधानी भोपाल में गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन जुलूस निकाला गया। पुराने भोपाल के पीपल चौक से शुरू हुए इस जुलूस में भोपाल के राजा और दूल्हे राजा की प्रतिमाओं के साथ अलग-अलग समाजों के डोल और झांकियां शामिल रहीं।
जुलूस में धार्मिक और ऐतिहासिक पात्रों की वेशभूषा में कलाकारों ने भी हिस्सा लिया। नीम करोली बाबा, अहिल्याबाई होलकर और महात्मा गांधी के रूप में सजे कलाकार आकर्षण का केंद्र रहे। कलाकारों के विभिन्न करतब देखने के लिए रास्ते में लोगों की भीड़ जमा रही।
जुलूस की शुरुआत पीपल चौक स्थित पीपल जामा मस्जिद के पास से हुई। सबसे आगे भोपाल के राजा की प्रतिमा रही। इसके बाद दूल्हे राजा की प्रतिमा, विभिन्न समाजों के डोल और अन्य झांकियां आगे बढ़ीं।
पुराने भोपाल से खटलापुरा तक जुलूस
विसर्जन जुलूस पुराने शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए खटलापुरा मंदिर पहुंचेगा। जुलूस का समापन शाम करीब 7:30 बजे खटलापुरा मंदिर में होगा।
जुलूस चौक बाजार से लखेरापुरा, भवानी मंदिर, पीरगेट, सेफिया कॉलेज रोड, इमामबाड़ा चौकी, जनकपुरी पानी की टंकी, जुमेराती गेट, सराफा चौक, इब्राहिमपुरा, रंजन पेन कॉर्नर और सुल्तानिया रोड से होकर आगे बढ़ेगा।
इसके बाद जुलूस बुधवारा, तलैया काली मंदिर, लिली टॉकीज चौराहा और पीएचक्यू तिराहा होते हुए खटलापुरा मंदिर पहुंचेगा।
जुलूस के कारण बदला यातायात
डोल ग्यारस के जुलूस को देखते हुए पुराने भोपाल में दोपहर 1 बजे से जुलूस समाप्त होने तक यातायात व्यवस्था चरणबद्ध रूप से बदली गई है। जुलूस के आगे बढ़ने के साथ संबंधित मार्गों पर जरूरत के अनुसार वाहनों की आवाजाही रोकी जाएगी और यातायात को वैकल्पिक रास्तों से निकाला जाएगा।
पीरगेट, इमामबाड़ा चौकी, जनकपुरी, सुल्तानिया रोड, खटलापुरा और तलैया काली मंदिर के आसपास यातायात प्रभावित रहेगा। पुराने शहर और रेलवे स्टेशन की ओर जाने वाले लोगों को घर से निकलते समय अतिरिक्त समय रखने की सलाह दी गई है।
















