नई दिल्ली, 17 सितंबर।
ऑस्ट्रेलियन मिशनरी ग्राहम स्टेंस और उनके दो मासूम बेटों की बहुचर्चित हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे दोषी दारा सिंह को सुप्रीम कोर्ट से तगड़ा झटका लगा है। ओडिशा सरकार ने शीर्ष अदालत को आधिकारिक रूप से यह जानकारी दी है कि ओडिशा स्टेट सेंटेंस रिव्यू बोर्ड ने दारा सिंह की समय से पहले रिहाई और सजा माफी की याचिका को सिरे से खारिज कर दिया है। सरकार के इस रुख के सामने आने के बाद न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा की पीठ ने मामले की सुनवाई टाल दी है और दारा सिंह के वकील को उनकी याचिका में नए सिरे से संशोधन करके दोबारा दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
बीते गुरुवार को हुई सुनवाई के दौरान ओडिशा सरकार के वकील ने अदालत को अवगत कराया कि गत 31 अगस्त को हुई स्टेट सेंटेंस रिव्यू बोर्ड की बैठक में दारा सिंह की दया व माफी याचिका पर विचार करते हुए इसे नामंजूर करने का निर्णय लिया गया है। इससे पहले की सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को इस याचिका पर जल्द से जल्द फैसला लेने की सख्त हिदायत दी थी। अपनी याचिका में दारा सिंह की ओर से यह दलील दी गई थी कि वह पिछले 24 वर्षों से अधिक समय से जेल की सजा काट रहा है।
याचिका में पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के मामले के दोषियों की रिहाई का हवाला देते हुए दारा सिंह ने अपने अपराध पर गहरा खेद जताया था। उसने यह भी कहा था कि ग्राहम स्टेंस के साथ उसकी कोई व्यक्तिगत रंजिश या दुश्मनी नहीं थी, इसलिए उसकी लंबी जेल अवधि को देखते हुए सजा माफी पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाना चाहिए। बहरहाल, बोर्ड द्वारा याचिका खारिज किए जाने के बाद अब कानूनी मोर्चे पर उसकी मुश्किलें और अधिक बढ़ गई हैं।















