भोपाल, 19 सितंबर।
विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार और समस्या समाधान की क्षमता विकसित करने के उद्देश्य से भोपाल विज्ञान मेला-2026 का आयोजन 22 से 26 सितंबर तक बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय परिसर में किया जाएगा। मेले में इसरो, सीएसआईआर और आईआईटी सहित करीब 53 वैज्ञानिक संस्थाओं, उद्योगों एवं संगठनों की सहभागिता प्रस्तावित है।
विज्ञान भारती, मध्य भारत प्रांत, मध्य प्रदेश विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (मैपकॉस्ट) और बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस मेले में विद्यार्थियों को केवल वैज्ञानिक मॉडल प्रदर्शित करने के बजाय वास्तविक समस्याओं के तकनीकी और व्यावहारिक समाधान विकसित करने का अवसर मिलेगा।
मेले की विशेष पहल ‘नवाचार संगम’ में विद्यार्थियों द्वारा तैयार 100 से अधिक परियोजनाएं प्रदर्शित की जाएंगी। इनमें कृषि, फसल सुरक्षा, कृषि उत्पादों के बाजार एवं विपणन, हाथ ठेला संचालन, श्रमिक सुरक्षा, चिकित्सा, स्वास्थ्य, अपशिष्ट प्रबंधन और ऊर्जा से जुड़ी समस्याओं के समाधान शामिल हैं। विद्यार्थियों को समस्या की पहचान से लेकर विश्लेषण, प्रयोग, मॉडल निर्माण और व्यावहारिक समाधान तैयार करने की प्रक्रिया से जोड़ा गया है।
मेले के ‘महाप्रदर्शन’ में इसरो, आईआईटी, आईआईएसईआर, सीएसआईआर, मैपकॉस्ट, राजा रमन्ना प्रगत प्रौद्योगिकी केंद्र, एनटीपीसी, सीआईएल और गेल सहित वैज्ञानिक संस्थाएं अपनी उपलब्धियां प्रदर्शित करेंगी। मैपकॉस्ट के ‘रूरल टेक्नोलॉजी पवेलियन’ में 45 स्टॉल लगाए जाएंगे।
‘सीधा संवाद’ कार्यक्रम में विद्यार्थी वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों से बातचीत कर विज्ञान, अनुसंधान, तकनीक और वैज्ञानिक कॅरियर से जुड़े सवाल पूछ सकेंगे। उद्घाटन सत्र में सीएसआईआर के पूर्व महानिदेशक डॉ. शेखर मांडे और वास्तुविद आशीष सोमपुरा सहित अन्य अतिथि शामिल होंगे। वरिष्ठ वास्तुविद एवं पद्मश्री चंद्रकांत बी. सोमपुरा को ‘विज्ञान प्रतिभा सम्मान-2026’ से सम्मानित किया जाएगा।
















