कूचबिहार, 19 सितंबर।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने शनिवार को कूचबिहार स्थित ऐतिहासिक मधुपुर सत्रा का दौरा किया। उन्होंने श्रीमंत शंकरदेव से जुड़ी इस धार्मिक धरोहर को विकसित कर प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में तैयार करने की योजना की जानकारी दी। इस दौरान असम के दो मंत्री, पश्चिम बंगाल के उत्तर बंगाल विकास मंत्री निशीथ प्रमाणिक, महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री मालती रावा राय और कई विधायक मौजूद रहे।
हिमंत बिस्व सरमा ने बताया कि असम के हालिया बजट में मधुपुर सत्रा के विकास के लिए 35 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। उन्होंने दावा किया कि पश्चिम बंगाल सरकार ने भी इसके विकास के लिए 30 करोड़ रुपये देने का आश्वासन दिया है।
श्रीमंत शंकरदेव ने अपने जीवन का अंतिम समय मधुपुर धाम में बिताया था और यहीं उनका निधन हुआ था। इसी वजह से मधुपुर सत्रा असम सहित देश के विभिन्न हिस्सों से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल है। यह स्थल पश्चिम बंगाल सरकार के अधीन है, हालांकि इसके रखरखाव और संचालन में असम सरकार की भूमिका रहती है।
असम के मुख्यमंत्री ने कहा कि नगांव जिले के बरदोवा सत्रा को जिस तरह आधुनिक सुविधाओं से विकसित कर पर्यटकों के लिए आकर्षक बनाया गया है, उसी तर्ज पर मधुपुर सत्रा को भी विकसित करने की योजना है। उन्होंने पश्चिम बंगाल के प्रतिनिधियों को बरदोवा सत्रा का दौरा करने का निमंत्रण भी दिया।
















