नई दिल्ली, 01 मई।
राज्यसभा सांसद और भाजपा नेता स्वाति मालीवाल ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह कथित रूप से पंजाब विधानसभा में शराब के नशे में पहुंचे। यह बयान उन्होंने सोशल मीडिया मंच पर साझा करते हुए दिया।
स्वाति मालीवाल ने आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान लोकतंत्र के मंदिर मानी जाने वाली पंजाब विधानसभा में कथित तौर पर नशे की हालत में पहुंचे। उन्होंने यह भी दावा किया कि मुख्यमंत्री विभिन्न धार्मिक स्थलों, सरकारी बैठकों और अन्य सार्वजनिक कार्यक्रमों में भी शराब के प्रभाव में रहते हैं।
उन्होंने आगे आरोप लगाया कि चुनाव से पहले मुख्यमंत्री ने अपनी माता के समक्ष यह वचन दिया था कि वह अब कभी शराब का सेवन नहीं करेंगे, लेकिन इसके बावजूद उनके आचरण में बदलाव नहीं आया। उन्होंने यह भी कहा कि एक संवेदनशील सीमावर्ती राज्य के मुख्यमंत्री का इस प्रकार का व्यवहार गंभीर चिंता का विषय है।
स्वाति मालीवाल ने आरोपों को और आगे बढ़ाते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति नशे की स्थिति में सरकारी कार्य करता है तो यह जनता के हितों के लिए खतरा हो सकता है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि ऐसा व्यक्ति राज्य का संचालन कैसे कर सकता है।
उन्होंने सरकार से मांग की कि मुख्यमंत्री का अल्कोहल परीक्षण कराया जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो उन्हें पद से हटाया जाए।










