बीजिंग, 14 मई।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चीन की आधिकारिक यात्रा पर बीजिंग पहुंच चुके हैं। आज उनका स्वागत जनता के महा सभागार के बाहर किया जाएगा, जिसके बाद उनकी मुलाकात चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से होगी। नवंबर 2017 के बाद यह उनकी दूसरी चीन यात्रा है, जो पिछले कई वर्षों में किसी अमेरिकी राष्ट्रपति की पहली यात्रा मानी जा रही है।
इस उच्चस्तरीय वार्ता में दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय संबंधों के साथ-साथ वैश्विक शांति और विकास से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा होने की संभावना है। बैठक से पहले शी जिनपिंग की ओर से ट्रंप के लिए औपचारिक स्वागत समारोह भी आयोजित किया जाएगा।
ट्रंप इस यात्रा के दौरान चीन की बढ़ती परमाणु क्षमताओं पर नियंत्रण को लेकर समझौते की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन इस विषय पर बीजिंग की रुचि सीमित बताई जा रही है। अमेरिका की ओर से यह प्रयास हथियारों में कमी से जुड़े नए समझौते की दिशा में एक अवसर के रूप में देखा जा रहा है।
चीन द्वारा पिछले वर्षों में अपने परमाणु ढांचे के विस्तार को लेकर गंभीर चिंताएं भी सामने आई हैं, जिसमें कई स्थानों पर निर्माण कार्यों के लिए आबादी वाले क्षेत्रों को हटाने की बात शामिल है। इससे वैश्विक स्तर पर नई हथियार होड़ की आशंका को बल मिला है, खासकर तब जब प्रमुख शक्तियों के बीच मौजूदा नियंत्रण ढांचे कमजोर हो चुके हैं।
अमेरिका की ओर से पहले भी चीन पर गुप्त परमाणु परीक्षण के आरोप लगाए जा चुके हैं, हालांकि चीन ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। इसी बीच हथियार नियंत्रण समझौतों की समाप्ति के बाद परमाणु संतुलन को लेकर चिंताएं और बढ़ गई हैं। अमेरिका अब एक नए समझौते की दिशा में प्रयास कर रहा है जिसमें चीन को भी शामिल करने पर जोर दिया जा रहा है।













