रांची, 16 जून।
नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़े एक गंभीर मामले में रांची स्थित विशेष अदालत ने अपना निर्णायक फैसला सुनाते हुए कुंदन कुमार को पांच वर्ष के कठोर कारावास का दंड दिया है। मामले की सुनवाई करते हुए अपर न्यायायुक्त शैलेंद्र कुमार की अदालत ने दोषी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि दोषी जुर्माना भरने में असमर्थ रहता है, तो उसे एक वर्ष की अतिरिक्त साधारण जेल की सजा काटनी होगी।
बीते 12 जून को ही अदालत ने कुंदन कुमार को दोषी करार दे दिया था। न्यायिक प्रक्रिया के दौरान अदालत ने साक्ष्यों का सूक्ष्म विश्लेषण किया और पाया कि सरकारी वकील आरोपी के विरुद्ध लगे आरोपों को प्रमाणित करने में पूर्णतः सफल रहे हैं। दोषसिद्ध होने के तुरंत बाद आरोपी की जमानत अर्जी खारिज करते हुए उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था।
यह मामला 30 जुलाई 2022 का है। उस वक्त हटिया के डीएसपी को मादक पदार्थों की तस्करी की गुप्त सूचना मिली थी, जिसके बाद जगन्नाथपुर पुलिस ने लटमा रोड पर नाकेबंदी कर वाहनों की जांच शुरू की। इस दौरान खूंटी की तरफ से बाइक पर आ रहे दो संदिग्धों ने पुलिस को देखकर भागने की कोशिश की। पुलिस ने पीछा कर दोनों को पकड़ लिया। जांच के दौरान उनके पास से 5.3 किलोग्राम गांजा जब्त किया गया।
पकड़े गए आरोपियों में एक नाबालिग था, जबकि मुख्य आरोपी कुंदन कुमार था। पूछताछ में उन्होंने कबूल किया कि वे ओडिशा से यह खेप लाए थे और इसे नामकुम के तुंबागुटू इलाके में खपाने की योजना थी। गौरतलब है कि दोनों आरोपी मूल रूप से बिहार के वैशाली जिले के रहने वाले हैं।












