इटानगर, 30 जुलाई।
अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले में भारत-म्यांमार सीमा पर स्थित बॉर्डर हाट को गुरुवार को फिर से शुरू किया गया। नामपोंग के पास पांसो पास क्षेत्र में व्यापार और वाणिज्य मंत्री न्याटो डुकाम ने इसका आधिकारिक उद्घाटन किया।
इस पहल का उद्देश्य सीमा पार व्यापार, आर्थिक गतिविधियों और दोनों क्षेत्रों के बीच संबंधों को फिर से मजबूत करना है।
उद्घाटन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री न्याटो डुकाम ने कहा कि क्षेत्र के आर्थिक विकास में व्यापार और वाणिज्य की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने स्थानीय समुदायों, व्यापारियों और प्रशासनिक संस्थाओं से सक्रिय भागीदारी करते हुए व्यापार को स्थायी गतिविधि के रूप में आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
मंत्री ने पांगसाऊ दर्रे के ऐतिहासिक और रणनीतिक महत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार क्षेत्र में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने क्षेत्रीय व्यापार और संपर्क सुविधा बढ़ाने के लिए नामपोंग में नए लैंड पोर्ट की योजना का भी जिक्र किया।
कार्यक्रम में कई राजनीतिक प्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, सुरक्षा अधिकारी और स्थानीय प्रतिनिधि शामिल हुए। इनमें नामपोंग विधानसभा क्षेत्र के विधायक लैसम सिमाई, व्यापार एवं वाणिज्य मंत्री के सलाहकार डॉ. महेश चाई, अरुणाचल प्रदेश सरकार के व्यापार एवं वाणिज्य सचिव बुल्लो मामू सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम में आपसी सहयोग और आर्थिक संबंधों को मजबूत करने के संकेत के रूप में म्यांमार का प्रतिनिधिमंडल भी शामिल हुआ। इसमें पांगसाऊ टाउन के टाउन चेयरमैन, म्यांमार सेना और पुलिस के प्रतिनिधि, यूनाइटेड तांगशांग कमेटी तथा स्थानीय बाजार समिति के सदस्य शामिल रहे।
बॉर्डर हाट के दोबारा शुरू होने से स्थानीय लोगों की आजीविका को बढ़ावा मिलने, सांस्कृतिक संबंध मजबूत होने और सीमा पार व्यापारिक गतिविधियों के विस्तार की उम्मीद जताई जा रही है।

















