उज्जैन, 18 सितंबर।
भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन शुक्रवार सुबह करीब चार बजे उज्जैन के श्री महाकालेश्वर मंदिर पहुंचे। उन्होंने बाबा महाकाल की प्रातःकालीन भस्म आरती में शामिल होकर दर्शन और पूजन किया।
इस दौरान मध्य प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और उज्जैन-आलोट सांसद अनिल फिरोजिया भी उनके साथ मौजूद रहे।
नितिन नवीन भस्म आरती के समय नंदी हॉल में बैठे और हाथ जोड़कर बाबा महाकाल की आराधना की। करीब डेढ़ घंटे तक वे आरती में शामिल रहे।
आरती के दौरान मंदिर परिसर बाबा महाकाल के जयकारों से गूंजता रहा। नितिन नवीन पारंपरिक सोला परिधान में शामिल हुए और उन्होंने पीले रंग की धोती पहनी थी।
मंदिर की परंपरा के अनुसार भस्म आरती में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं के लिए निर्धारित पारंपरिक परिधान धारण करना होता है। आरती के बाद नितिन नवीन ने बाबा महाकाल के दिव्य स्वरूप के दर्शन किए और पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया।
इसके बाद उन्होंने चांदी की देहरी से बाबा महाकाल का पूजन किया और जलाभिषेक भी किया।
देशवासियों के कल्याण की कामनादर्शन के बाद नितिन नवीन ने कहा कि बाबा महाकाल की पावन नगरी में आकर दर्शन और भस्म आरती में शामिल होने का अवसर मिला। उन्होंने भगवान महाकाल से देशवासियों के सुख-समृद्धि, शांति और कल्याण की कामना की।
उन्होंने बताया कि मध्य प्रदेश और उज्जैन में उनका यह पहला दौरा है। उन्होंने कहा कि महाकाल की नगरी आने वाला व्यक्ति बाबा महाकाल के दर्शन और भस्म आरती का अनुभव लेकर ही जाता है।
एक दिन पहले शिप्रा तट पर जलाया था दीयानितिन नवीन 17 और 18 सितंबर को मध्य प्रदेश के दौरे पर हैं। गुरुवार को उन्होंने उज्जैन में सेवा संकल्प अभियान के तहत शिप्रा तट पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया।
रामघाट पर उन्होंने ‘आशीर्वाद का दीया’ प्रज्ज्वलित किया। इसके साथ ही वे शिप्रा आरती और भजन संध्या में भी शामिल हुए।
कार्यक्रम के बाद उन्होंने उज्जैन में रात्रि विश्राम किया। शुक्रवार सुबह वे महाकाल मंदिर पहुंचे और भस्म आरती में शामिल हुए।
मंदिर समिति ने किया स्वागतभस्म आरती और दर्शन के बाद श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से नितिन नवीन और हेमंत खंडेलवाल का स्वागत किया गया।
कलेक्टर एवं मंदिर समिति अध्यक्ष रोशन कुमार सिंह तथा प्रशासक एवं अपर कलेक्टर प्रथम कौशिक ने दोनों नेताओं को शॉल, श्रीफल और बाबा महाकाल का प्रसाद भेंट किया।
बाबा महाकाल का विशेष श्रृंगारशुक्रवार सुबह करीब चार बजे मंदिर के कपाट खुलने के बाद भगवान महाकाल का विशेष श्रृंगार किया गया। सबसे पहले पंचामृत अभिषेक और पूजन हुआ।
दूध, दही, घी, शहद और फलों के रस से तैयार पंचामृत से अभिषेक किया गया। इसके बाद बाबा महाकाल का भांग, चंदन और आभूषणों से श्रृंगार हुआ।
इसके बाद महा निर्वाणी अखाड़े की ओर से भगवान महाकाल को भस्म अर्पित की गई। भस्म आरती के बाद बाबा को रजत मुकुट, मुंडमाला, रुद्राक्ष की माला और पुष्पमालाओं से सजाया गया।
बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भस्म आरती के दर्शन किए। उन्होंने नंदी महाराज के दर्शन कर अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए प्रार्थना की। इस दौरान मंदिर परिसर लगातार बाबा महाकाल के जयकारों से गूंजता रहा।
















