इस्लामाबाद, 11 अप्रैल 2026।
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में अमेरिका, ईरान और पाकिस्तान के बीच त्रिपक्षीय संघर्ष विराम वार्ता की शुरुआत हो गई है। यह बातचीत ऐसे समय में शुरू हुई है जब पश्चिम एशिया में तनाव लगातार बना हुआ है और प्रमुख मुद्दों पर गहरी असहमति बनी हुई है।
वार्ता के दौरान दोनों पक्षों के बीच प्रतिबंधों, लेबनान की स्थिति और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने जैसे मुद्दों पर सहमति नहीं बन पाई है। इन विषयों पर दोनों देशों की स्थिति अभी भी एक-दूसरे से काफी अलग दिखाई दे रही है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को “नाकाम राष्ट्र” बताते हुए कड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यदि वार्ता अपेक्षित दिशा में आगे नहीं बढ़ती है तो अमेरिका स्थिति को “रीसेट” करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य को “खाली” कराने की दिशा में काम कर रहा है और इसे कई देशों के लिए एक तरह की सहायता बताया। उन्होंने दावा किया कि यह कदम चीन, जापान, दक्षिण कोरिया, फ्रांस और जर्मनी जैसे देशों के लिए किया जा रहा है, क्योंकि उनके पास ऐसा करने की इच्छाशक्ति नहीं है।
उन्होंने यह भी कहा कि ईरान के साथ बातचीत शुरू हो चुकी है और आने वाले समय में होर्मुज जलडमरूमध्य को खोल दिया जाएगा। इससे पहले वार्ता शुरू होने के पूर्व अमेरिकी और ईरानी प्रतिनिधियों ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से अलग-अलग मुलाकात की थी।













