भोपाल, 01 मई।
प्रदेश में प्रशासनिक स्तर पर बड़े फेरबदल की तैयारी तेज हो गई है, जहां खराब प्रदर्शन और लगातार मिल रही शिकायतों के आधार पर आईपीएस अधिकारियों के बड़े पैमाने पर तबादले किए जाने की संभावना है।
राज्य में इन दिनों राजनीतिक नियुक्तियों के साथ-साथ प्रशासनिक बदलावों की प्रक्रिया भी तेजी से आगे बढ़ रही है। पहले आईएएस अधिकारियों के तबादले किए जा चुके हैं और अब आईपीएस अधिकारियों की सूची तैयार की जा रही है, जिसमें लगभग 25 अधिकारियों के स्थानांतरण शामिल हो सकते हैं।
सूत्रों के अनुसार यह प्रस्तावित सूची 19 से 20 जिलों के पुलिस अधीक्षकों को प्रभावित कर सकती है, जहां इन तबादलों का आधार लगातार मिल रही शिकायतें और प्रदर्शन मूल्यांकन को बनाया गया है।
जानकारी के मुताबिक प्रदेश के आठ जिलों के पुलिस अधीक्षकों का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं पाया गया है, जबकि छह जिलों में संगठन स्तर पर गंभीर शिकायतें दर्ज की गई हैं। वहीं पांच जिलों में पदस्थ अधिकारियों का प्रमोशन होने के कारण वहां भी नए पुलिस अधीक्षकों की नियुक्ति आवश्यक हो गई है।
तैयार सूची के अनुसार बुरहानपुर, निवाड़ी, शाजापुर, शिवपुरी, डिंडौरी, मंडला, छतरपुर और नीमच जिलों के पुलिस अधीक्षकों में बदलाव लगभग तय माना जा रहा है। इसके अलावा दमोह, उज्जैन, सिवनी, आगर मालवा, ग्वालियर और जबलपुर जैसे जिलों में भी नए अधिकारियों की तैनाती की तैयारी चल रही है, हालांकि इन स्थानों पर अभी नाम तय नहीं हुए हैं।
इसी क्रम में कुछ स्थानों पर पदोन्नति के चलते भी बदलाव संभावित हैं, जिनमें एसपी रेल भोपाल, खंडवा, भिंड, धार, एसपी रेल जबलपुर, रीवा, डीसीपी भोपाल, डीसीपी इंदौर और झाबुआ के पुलिस अधीक्षक शामिल बताए जा रहे हैं।
प्रस्तावित फेरबदल में वर्ष 2020 बैच के पांच आईपीएस अधिकारियों को विशेष रूप से लाभ मिलने की संभावना जताई जा रही है, जिन्हें जिलों में पुलिस अधीक्षक की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है।
वहीं 2019 बैच के अधिकारी पहले ही कई जिलों में तैनात हो चुके हैं, जबकि न्यायालय के आदेश से प्रमोशन प्राप्त अधिकारियों को भी जिलों की कमान मिलने की संभावना है।








