भोपाल, 11 जून।
मध्य प्रदेश पुलिस ने आधुनिक तकनीक और साइबर तंत्र के प्रभावी उपयोग से बीते एक माह के दौरान प्रदेशभर में गुम मोबाइल और चोरी हुए मोबाइल फोन खोजने के अभियान में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। पुलिस ने विभिन्न जिलों में कार्रवाई करते हुए कुल 1136 मोबाइल फोन बरामद कर उन्हें उनके वास्तविक स्वामियों को वापस सौंप दिया। बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत करीब 2 करोड़ 18 लाख रुपये आंकी गई है।
पुलिस मुख्यालय के अनुसार सीईआईआर पोर्टल, साइबर हेल्प डेस्क, तकनीकी विश्लेषण और जिला पुलिस बलों के समन्वित प्रयासों से यह उपलब्धि हासिल हुई है। सबसे अधिक सफलता इंदौर में मिली, जहां क्राइम ब्रांच ने सिटीजन कॉप एप और सीईआईआर पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के आधार पर विभिन्न राज्यों से 230 मोबाइल फोन बरामद कर नागरिकों को लौटाए। इनकी कीमत लगभग 50 लाख रुपये बताई गई है।
इंदौर के भंवरकुआं थाना क्षेत्र में 13 मोबाइल फोन बरामद किए गए, वहीं विजय नगर पुलिस ने मोबाइल दुकान में हुई चोरी का एक दिन के भीतर खुलासा कर 17 मोबाइल, नकदी और अन्य सामग्री जब्त की। इन कार्रवाइयों में कुल 260 मोबाइल फोन और लगभग 66 लाख 60 हजार रुपये मूल्य की संपत्ति बरामद की गई।
दमोह पुलिस ने विशेष अभियान चलाकर 208 गुम मोबाइल खोजे, जिनकी अनुमानित कीमत 41 लाख 60 हजार रुपये है। शिवपुरी पुलिस ने तकनीकी निगरानी के माध्यम से 120 मोबाइल बरामद किए, जिनकी कीमत लगभग 30 लाख रुपये बताई गई है। वहीं खंडवा पुलिस ने ‘ऑपरेशन सहयोग’ के तहत विभिन्न राज्यों से 151 मोबाइल ट्रेस कर जब्त किए, जिनका मूल्य 22 लाख 84 हजार रुपये से अधिक है।
राजधानी में भोपाल जीआरपी ने ट्रेनों में मोबाइल चोरी करने वाले आरोपियों को गिरफ्तार कर 10 मोबाइल फोन बरामद किए। दूसरी ओर हनुमानगंज थाना पुलिस ने सीईआईआर पोर्टल की सहायता से 50 गुम मोबाइल उनके मालिकों को लौटाए। दोनों कार्रवाइयों में कुल 60 मोबाइल और 16 लाख 82 हजार रुपये से अधिक मूल्य की संपत्ति बरामद हुई।
इसके अलावा अशोकनगर में 120, धार में 124, छतरपुर में 48, अनूपपुर में 25 और सिवनी में 20 मोबाइल फोन बरामद किए गए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि साइबर तकनीक और सतत निगरानी के माध्यम से नागरिकों की संपत्ति वापस दिलाने के प्रयास आगे भी जारी रहेंगे।











