जयपुर, 9 जुलाई।
प्रयोगशाला सहायक सीधी भर्ती परीक्षा-2018 में ओएमआर शीट फर्जीवाड़े के मामले में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान दौसा जिले के कोलवा थाना क्षेत्र के खड़का निवासी संजय कुमार सैनी (28) के रूप में हुई है। आरोप है कि उसने ओएमआर शीट में हेरफेर कर चयन सूची में जगह बनाई थी।
एसओजी के अनुसार मामले की जांच के दौरान सामने आया कि ओएमआर शीट की स्कैनिंग करने वाली कंपनी के कर्मचारियों और अधिकारियों की मिलीभगत से अभ्यर्थियों के अंकों में बदलाव किया गया था। जांच में पता चला कि संजय कुमार सैनी के वास्तविक 43 अंकों को स्कैनिंग प्रक्रिया के दौरान बढ़ाकर 191 अंक दर्शा दिया गया, जिससे उसका चयन सूची में नाम शामिल हो गया।
एसओजी के अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस विशाल बंसल ने बताया कि कर्मचारी चयन बोर्ड द्वारा ओएमआर शीट की दोबारा स्कैनिंग कराई गई, जिसके बाद वास्तविक अंक सामने आए और पूरे मामले का खुलासा हुआ।
जांच में यह भी सामने आया कि राभव लिमिटेड के कर्मचारी विनोद कुमार गौड़ और शादान खान ने कथित रूप से मिलीभगत कर कुल 27 अभ्यर्थियों की ओएमआर शीट में बदलाव किया और उन्हें अंतिम चयन सूची में शामिल कराया।
एसओजी ने बताया कि इस मामले में अब तक कंपनी के कर्मचारी विनोद कुमार गौड़, शादान खान, कार्यकारी निदेशक रामप्रवेश सिंह और अभ्यर्थी महेंद्र कुमार मीना, देवेंद्र सिंह गुर्जर, विजय सिंह मीना और पिंटू कुमार मीना सहित कई आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
फिलहाल एसओजी संजय कुमार सैनी से पूछताछ कर रही है। जांच एजेंसी फर्जीवाड़े में शामिल अन्य लोगों, आर्थिक लेनदेन और पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है।















