भोपाल, 10 अप्रैल 2026।
भोपाल की जीवनरेखा माने जाने वाले बड़ा तालाब को अतिक्रमण मुक्त करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने एक बार फिर सख्त अभियान की शुरुआत की है। शुक्रवार सुबह हलालपुरा क्षेत्र से इस कार्रवाई की शुरुआत की गई, जहां बैरागढ़ तहसीलदार के नेतृत्व में टीम ने जेसीबी मशीनों की मदद से अवैध निर्माणों को हटाने की प्रक्रिया शुरू की।
अभियान के दौरान तालाब किनारे बने एक फार्म हाउस और उसकी बाउंड्री वॉल को ध्वस्त किया गया। मौके पर कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल भी तैनात रहा, जबकि बड़ी संख्या में स्थानीय लोग एकत्र हो गए। इसके बावजूद प्रशासन ने पूरी सख्ती के साथ कार्रवाई जारी रखी और अवैध कब्जों को हटाया।
प्रशासन के अनुसार बड़ा तालाब के आसपास कुल 347 अतिक्रमण चिन्हित किए गए हैं, जिन्हें आगामी 15 दिनों के भीतर हटाया जाएगा। यह पूरी कार्रवाई वेटलैंड नियमों के तहत की जा रही है, जिसमें 16 मार्च 2022 के बाद बने सभी निर्माणों को अवैध माना गया है। साथ ही तालाब के फुल टैंक लेवल से 50 मीटर के दायरे में बने निर्माणों पर भी सख्त कार्रवाई की जा रही है। कुछ दिन पूर्व भदभदा क्षेत्र में भी इसी तरह की कार्रवाई की गई थी और अब यह अभियान चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है।
जांच में यह भी सामने आया है कि टीटी नगर क्षेत्र के गौरा गांव और बिसनखेड़ी में सबसे अधिक अतिक्रमण मौजूद हैं। इसके अलावा बैरागढ़ और बहेटा क्षेत्र में भी बड़े पैमाने पर कब्जे किए गए हैं। वहीं वन विहार नेशनल पार्क क्षेत्र में सीमांकन के दौरान लगभग 2.5 किलोमी







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