पन्ना, 11 अप्रैल 2026।
मध्यप्रदेश के पन्ना जिले के मड़ला थाना क्षेत्र में वाहन जांच के दौरान एक बुजुर्ग दंपति और पुलिस के बीच हुए विवाद ने अब गंभीर रूप ले लिया है। इस मामले को लेकर जनपद पंचायत पवई की पूर्व अध्यक्ष श्रीमती राजश्री चौहान ने प्रेसवार्ता आयोजित कर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं।
प्रेसवार्ता में उन्होंने बताया कि 7 अप्रैल को वह अपने पति भरत सिंह चौहान, जो सेवानिवृत्त डीएसपी हैं, के साथ ग्वालियर की ओर जा रही थीं। इसी दौरान मड़ला थाना के सामने पुलिस द्वारा वाहन जांच अभियान चलाया जा रहा था। उनके वाहन चालक द्वारा गाड़ी रोकने के बाद मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी वाहन के पास पहुंचे और कथित तौर पर अभद्र भाषा का उपयोग किया गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि थाना प्रभारी ने उनकी लाइसेंसी बंदूक, उसका लाइसेंस तथा वाहन को जब्त कर लिया। साथ ही उनके विरुद्ध आर्म्स एक्ट और बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई।
श्रीमती चौहान के अनुसार, पुलिस ने उन्हें और उनके 87 वर्षीय पति को हिरासत में लेकर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी, पन्ना के न्यायालय में पेश किया, जहां से दोनों को जमानत पर रिहाई मिल गई। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को अपमानजनक बताते हुए कहा कि इस व्यवहार से उनका आत्मसम्मान गहराई से आहत हुआ है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वह इस मामले में न्याय के लिए हर स्तर तक संघर्ष करेंगी और जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा, तब तक पीछे नहीं हटेंगी। इस प्रकरण के सामने आने के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है।













