इंदौर, 01 जून ।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियों के तहत इंदौर के नेमावर रोड स्थित मालवांचल यूनिवर्सिटी में सोमवार को विशाल योग महोत्सव का आयोजन किया गया। इस दौरान 35 हजार से अधिक विद्यार्थियों और प्राध्यापकों ने एक साथ योगाभ्यास कर विश्व रिकॉर्ड स्थापित किया। कार्यक्रम में योगगुरु पद्मश्री डॉ. एचआर नागेन्द्र की मौजूदगी में नगरीय प्रशासन एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने संस्थान को विश्व रिकॉर्ड का प्रमाण-पत्र प्रदान किया।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर आयुष मंत्रालय द्वारा देशभर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के पूर्व आयोजित किए जा रहे योग महोत्सव और काउंटडाउन कार्यक्रमों की श्रृंखला के अंतर्गत यह आयोजन संपन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विद्यार्थी, शिक्षक, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और नागरिक शामिल हुए।
योग महोत्सव में प्रधानमंत्री के योगगुरु एवं एस. व्यासा यूनिवर्सिटी के कुलगुरु पद्मश्री डॉ. एचआर नागेन्द्र, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री इंदरसिंह परमार, नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, संस्थान के डायरेक्टर सुरेश सिंह भदोरिया, डॉ. मयंक भदोरिया, डॉ. दीप्ति सिंह हाड़ा सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।
मालवांचल, अमलतास और इंडेक्स समूह के संस्थानों के 35 हजार से अधिक छात्र-छात्राओं ने एक साथ योगाभ्यास कर नया कीर्तिमान स्थापित किया। विद्यार्थियों के साथ मंचासीन अतिथियों और संस्थान के पदाधिकारियों ने भी योग सत्र में भाग लिया।
अपने संबोधन में पद्मश्री डॉ. नागेन्द्र ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की पहल और योग के प्रति उनकी प्रतिबद्धता के कारण आज योग विश्वव्यापी जनआंदोलन का स्वरूप ले चुका है। उन्होंने कहा कि देश में करोड़ों लोग योग से जुड़े हैं और इसकी लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश देश का हृदय स्थल है और इंदौर स्वच्छता के क्षेत्र में देश का अग्रणी शहर है। योग को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने की आवश्यकता है। साथ ही प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों में योग पाठ्यक्रम शामिल किए जाने पर भी उन्होंने जोर दिया। उन्होंने कहा कि योग केवल शारीरिक क्रिया नहीं, बल्कि जीवन जीने की संपूर्ण पद्धति है, जो व्यक्ति के स्वास्थ्य और व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की इस वर्ष की थीम "स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग" पर भी चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि योग हर आयु वर्ग के लोगों को शारीरिक स्फूर्ति, मानसिक संतुलन और सकारात्मक जीवन दृष्टि प्रदान करता है तथा विभिन्न बीमारियों से बचाव में सहायक होता है।
प्राचार्य रेशमा खुराना ने बताया कि योग महोत्सव संस्थान के 11 अलग-अलग जोन में एक साथ आयोजित किया गया, जिसमें 35 हजार से अधिक विद्यार्थियों ने भागीदारी की। कार्यक्रम के दौरान मालवांचल यूनिवर्सिटी के प्रमुखों को विश्व रिकॉर्ड का प्रमाण-पत्र भी सौंपा गया।
आयोजन में बड़ी संख्या में प्राध्यापक, विद्यार्थी और नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम से पहले आयुष मंत्री इंदरसिंह परमार ने विश्वविद्यालय परिसर का भ्रमण किया और संस्थान के पदाधिकारियों के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा भी की।











