गुरुग्राम, 09 अप्रैल।
आईएमटी मानेसर में अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर बैठे ठेके के कर्मचारियों पर गुरुवार को पुलिस ने लाठीचार्ज किया। कर्मचारी कंपनी के गेट पर एकत्र हुए थे। पुलिस ने धारा 163 के तहत उन्हें तितर-बितर करने के लिए कार्रवाई की, जिसमें कई कर्मचारी घायल हुए। इस दौरान एक कर्मचारी का सिर फट गया, जबकि अन्य के हाथ और चेहरे पर गंभीर चोटें आईं।
बुधवार को हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों की मांगों को देखते हुए गुरुवार सुबह जब वे फिर से एकत्र हुए, तो पुलिस ने उन्हें वहां से हटाने का प्रयास किया। स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस ने लाठियों का प्रयोग किया। कर्मचारी बचाव के लिए इधर-उधर भागे। लाठीचार्ज में एक कर्मचारी का सिर फटने से कर्मचारियों में गुस्सा बढ़ गया। अब वे केवल कंपनी प्रबंधन के खिलाफ नहीं, बल्कि पुलिस की कार्रवाई से भी नाराज हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि अपनी मांगों को पूरा किए बिना वे काम पर लौटेंगे नहीं।
आईएमटी मानेसर में 10 कंपनियों में करीब तीन हजार कर्मचारी बुधवार से हड़ताल पर हैं। इनमें गारमेंट और ऑटोमोबाइल सेक्टर के कर्मचारी शामिल हैं। उनका कहना है कि लंबे समय से न्यूनतम मजदूरी, ओवरटाइम भुगतान, सुरक्षा और स्थायीकरण जैसी मांगों को नजरअंदाज किया गया है। कर्मचारी चाहते हैं कि न्यूनतम वेतन 20,000 रुपये मासिक हो। हालांकि प्रदेश सरकार ने बुधवार को कैबिनेट की बैठक में न्यूनतम वेतन बढ़ाकर 15,220 रुपये मासिक करने का निर्णय लिया। कुछ कर्मचारी इस वेतन वृद्धि पर हड़ताल समाप्त कर लौट गए, लेकिन कई अभी भी अपनी मांगों के लिए डटे हुए हैं।


.jpg)



.jpg)


.jpg)
.jpg)
.jpg)

.jpg)