शिमला, 08 जुलाई।
हिमाचल प्रदेश बागवानी उपज विपणन एवं प्रसंस्करण निगम (एचपीएमसी) ने पर्यावरण को बचाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। निगम ने अब खाली कांच की बोतलों के लिए एक विशेष 'बायबैक योजना' का आगाज किया है।
इस पहल के तहत, निगम ने मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) भी तय कर दी है। इसके माध्यम से इस्तेमाल की जा चुकी बोतलों को इकट्ठा कर उनका रीसाइक्लिंग में उपयोग किया जाएगा, जिससे कांच के कचरे को कम करने में मदद मिलेगी।
योजना के मुताबिक, यदि कोई उपभोक्ता 200 मिलीलीटर की खाली बोतल रिटेलर के पास जमा करता है, तो उसे एक रुपया मिलेगा। वहीं, 600 मिलीलीटर की बोतल पर दो रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
इतना ही नहीं, निगम ने रिटेलर्स और डिस्ट्रीब्यूटर्स के लिए भी प्रति बोतल चार रुपये तक का भुगतान निर्धारित किया है। इन खाली बोतलों को जरोल स्थित निगम के फल प्रसंस्करण संयंत्र में छंटाई के लिए भेजा जाएगा।
एचपीएमसी ने सभी संबंधित पक्षों से इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आग्रह किया है। इस कदम से न केवल पर्यावरण संरक्षण होगा, बल्कि योजना से जुड़े लोगों को सीधा आर्थिक फायदा भी पहुंचेगा।















