लखनऊ, 8 जुलाई।
उत्तर प्रदेश में विजिलेंस की कार्रवाई में रिटायर्ड एआरटीओ ललित कुमार के घर से करोड़ों रुपये की संपत्ति बरामद हुई है। लखनऊ स्थित उनके आवास पर करीब 26 घंटे चली तलाशी के दौरान टीम को 13 किलो सोना, 9 किलो चांदी, हीरे के आभूषण और करीब 1.62 करोड़ रुपये नकद मिले हैं।
विजिलेंस के अनुसार, बरामद सोना, चांदी और हीरे के आभूषणों की अनुमानित कीमत करीब 20 करोड़ रुपये है। तलाशी के दौरान मिला नकद अलग-अलग पैकेटों में दीवारों और कमरों में छिपाकर रखा गया था। इसके अलावा 15 स्थानों पर मकान, फ्लैट और कृषि भूमि से जुड़े दस्तावेज भी मिले हैं। बरामद संपत्ति की कुल कीमत करीब 35 करोड़ रुपये बताई गई है।
विजिलेंस विभाग के मुताबिक, ललित कुमार मूल रूप से रायबरेली के रहने वाले हैं। उनके खिलाफ वर्ष 2024 में कानपुर में तैनाती के दौरान भ्रष्टाचार की शिकायत मिली थी। उस समय वह आरटीओ कार्यालय में संभागीय निरीक्षक (प्राविधिक) के पद पर तैनात थे।
शिकायत के बाद ट्रांसपोर्ट कमिश्नर ने 11 सितंबर 2024 को भ्रष्टाचार निवारण संगठन को जांच की अनुमति दी थी। इसके बाद उनकी आय और संपत्ति के स्रोतों की जांच शुरू की गई।
जांच में सामने आया कि ललित कुमार की कुल आय करीब 93.26 लाख रुपये थी, जबकि संपत्ति खरीदने, रखरखाव और अन्य खर्चों में करीब 1.61 करोड़ रुपये खर्च किए गए। जांच एजेंसी के अनुसार, यह खर्च उनकी ज्ञात आय से करीब 68.66 लाख रुपये अधिक था। अतिरिक्त संपत्ति और खर्च के संबंध में वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सके, जिसके बाद आय से अधिक संपत्ति मामले में कार्रवाई शुरू की गई।
वर्तमान में ललित कुमार लखनऊ के अलीगंज स्थित चंद्रलोक कॉलोनी में रहते हैं। विजिलेंस टीम ने सात जुलाई को अदालत से वारंट लेने के बाद दोपहर करीब 12 बजे उनके आवास पर पहुंचकर तलाशी शुरू की थी। टीम ने घर के विभिन्न हिस्सों की जांच की और वहां से नकदी तथा कीमती सामान बरामद किया।
तलाशी में लखनऊ, नोएडा और बाराबंकी सहित कई स्थानों की संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज भी मिले हैं। इनमें मकान, प्लॉट, कृषि भूमि और नोएडा में दो फ्लैट की बुकिंग से जुड़े कागजात शामिल हैं। इन अचल संपत्तियों की अनुमानित कीमत करीब 13 करोड़ रुपये बताई गई है।
















