नई दिल्ली, 10 अप्रैल 2026।
क्रिप्टोकरेंसी के नाम पर ठगी करने वाले एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह का दक्षिण जिला पुलिस ने नेब सराय थाना क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने गिरोह से जुड़े तीन आरोपितों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने एक व्यक्ति से 6099 क्रिप्टोकरेंसी, करीब 6.10 लाख रुपये, की धोखाधड़ी की थी। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से छह मोबाइल फोन और कई अहम डिजिटल साक्ष्य भी बरामद किए हैं।
दक्षिण जिले के पुलिस उपायुक्त ने जानकारी देते हुए बताया कि संगम विहार निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी कि मोहम्मद अजीम अंसारी ने उसे नकद रकम देने का झांसा देकर क्रिप्टोकरेंसी में राशि ट्रांसफर करने के लिए प्रेरित किया। भरोसे में आकर पीड़ित ने ट्रस्ट वॉलेट के माध्यम से 6099 क्रिप्टोकरेंसी ट्रांसफर कर दी, लेकिन बाद में आरोपितों ने उसे पैसे नहीं दिए और लगातार उसे गुमराह करते रहे। जांच में सामने आया कि रकम ट्रांसफर होने के कुछ ही सेकंड में अलग-अलग डिजिटल वॉलेट में भेज दी गई, जिससे यह साफ हुआ कि यह पूरी ठगी सुनियोजित तरीके से की गई थी।
जांच के दौरान तकनीकी निगरानी और मोबाइल फॉरेंसिक की मदद से पुलिस ने आरोपितों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपितों में दो गाजियाबाद और एक दिल्ली का निवासी है। पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि ठगी से हासिल रकम दुबई में बैठे एक हैंडलर के वॉलेट में भेजी जाती थी, जो पूरे नेटवर्क को संचालित करता था। पुलिस ने आरोपितों से ट्रस्ट वॉलेट की पहुंच, चैट रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य भी बरामद किए हैं, जिससे इस गिरोह के अंतरराष्ट्रीय संपर्कों की पुष्टि हुई है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की जांच अभी जारी है और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ क्रिप्टोकरेंसी लेन-देन से पहले पूरी तरह जांच-पड़ताल करें और किसी भी साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।






_(1).jpg)
.jpg)

.jpg)


.jpg)